Friday, July 30, 2021
Homeदेश-समाजहिंदुओं को भगाने, मंदिरों को बम से उड़ाने की धमकी देने वाले साजिद को...

हिंदुओं को भगाने, मंदिरों को बम से उड़ाने की धमकी देने वाले साजिद को यूपी पुलिस ने किया गिरफ्तार

“अरशद और साजिद अली, जो सुल्तानपुर के निवासी हैं, ने हिंदुओं को भगाने और मंदिरों को बम से उड़ाने की धमकी दी है। जब सूरज पांडेय नाम के एक व्यक्ति ने सांप्रदायिक टिप्पणी पर आपत्ति जताई, तो दोनों ने उनकी नाबालिग बहन का बलात्कार करने की धमकी दी। कृपया उनके खिलाफ कार्रवाई करें।”

UP की सुल्तानपुर पुलिस ने सोमवार (अगस्त 10, 2020) को साजिद नाम के एक शख्स को बलात्कार की धमकी देने और हिंदू समुदाय के खिलाफ फेसबुक पर हिंसक टिप्पणी शेयर करने के आरोप में गिरफ्तार किया है।

फेसबुक पर साजिद और अरशद नाम के दो आरोपितों की आपत्तिजनक टिप्पणियों का स्क्रीनशॉट शेयर करते हुए, एक ट्विटर यूजर ने शिकायत की, “अरशद और साजिद अली, जो सुल्तानपुर के निवासी हैं, ने हिंदुओं को भगाने और मंदिरों को बम से उड़ाने की धमकी दी है। जब सूरज पांडेय नाम के एक व्यक्ति ने सांप्रदायिक टिप्पणी पर आपत्ति जताई, तो दोनों ने उनकी नाबालिग बहन का बलात्कार करने की धमकी दी। कृपया उनके खिलाफ कार्रवाई करें।”

अरशद और साजिद सोशल मीडिया पर पंडित सूरज नाम के इस युवक को धमकी देते हुए देखे गए कि हिंदू धर्म के लोग उस इलाके में रहने के लिए उनसे भीख माँगेंगे और वो उनकी नाबालिग बहन का बलात्कार कर देंगे।

Screenshot of the abusive comments, via Twitter
Screenshot of the abusive comments, via Twitter

NCIB ने लिया संज्ञान

एक ट्विटर यूजर की शिकायत के बाद, उत्तर प्रदेश के राष्ट्रीय अपराध जाँच ब्यूरो (NCIB) ने इस मामले का संज्ञान लिया और सुल्तानपुर पुलिस को इस संबंध में आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया है।

एक आरोपित गिरफ्तार

राष्ट्रीय अपराध जाँच ब्यूरो के ट्वीट पर संज्ञान लेते हुए सुल्तानपुर पुलिस ने बताया कि इनमें से एक आरोपित साजिद को गिरफ्तार कर लिया गया है और उसे जिला जेल भेज दिया गया है। NCIB के ट्वीट के जवाब में पुलिस ने बताया कि आरोपित साजिद उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर के सरकंडेडीह का रहने वाला है।

ट्वीट में आगे जानकारी दी गई कि साजिद को भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 295 ए (धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुँचाने का जान बूझकर किया गया प्रयास), 504 (भड़काना), 506 (आपराधिक धमकी), सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धारा 67 (इलेक्ट्रॉनिक रूप से यौन रूप से स्पष्ट सामग्री प्रकाशित करना) के तहत मामला दर्ज किया गया है।

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

तालिबान की मददगार पाकिस्तानी फौज, ढेर कर अफगान सेना ने दुनिया को दिखाए सबूत: भारत के बनाए बाँध को भी बचाया

अफगानिस्तान की सेना ने तालिबान को कई मोर्चों पर पीछे धकेल दिया है। उनकी मदद करने वाले पाकिस्तानी फौज से जुड़े कई लड़ाकों को भी मार गिराया है।

स्वतंत्र है भारतीय मीडिया, सूत्रों से बनी खबरें मानहानि नहीं: शिल्पा शेट्टी की याचिका पर बॉम्बे हाईकोर्ट

कोर्ट ने कहा कि उनका निर्देश मीडिया रिपोर्ट्स को ढकोसला नहीं बताता। भारतीय मीडिया स्वतंत्र है और सूत्रों पर बनी खबरें मानहानि नहीं है।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -

 

हमसे जुड़ें

295,307FansLike
112,014FollowersFollow
394,000SubscribersSubscribe