Exit Poll का प्रकाशन कर IANS ने किया अचार संहिता का उल्लंघन, EC की कार्रवाई का इंतज़ार

अब ये देखना बाकी है कि चुनाव आयोग आईएएनएस के खिलाफ कोई कार्रवाई करता है या नहीं। इससे पहले भी, स्वराज एक्सप्रेस ने चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन करते हुए एग्जिट पोल का प्रसारण किया था।

इंडो-एशियन न्यूज सर्विस (आईएएनएस) ने आचार संहिता का उल्लंघन करते हुए रविवार (मई 12, 2019) को एक एग्जिट पोल प्रकाशित किया। आईएएनएस का कहना है कि ये सर्वेक्षण विभिन्न संस्थानों और निष्पक्ष चुनाव विश्लेषकों द्वारा किया गया है। न्यूज सर्विस ने ये सर्वेक्षण ट्विटर पर शेयर किया है। दरअसल, चुनाव आयोग द्वारा 1998 से रिप्रजेंटेशन ऑफ पीपुल्स एक्ट 1951 के तहत मतदान शुरू होने के समय से लेकर मतदान के सभी चरणों के समाप्त होने के आधे घंटे बाद तक एक्जिट पोल प्रकाशित करने पर प्रतिबंध है।

लोकसभा चुनाव का परिणाम 23 मई को आने वाला है और आईएएनएस के मुताबिक, इस एग्जिट पोल में लोकसभा चुनाव के संभावित परिणामों पर चुनाव विश्लेषक एकमत दिखाई दे रहे हैं। इस बार के लोकसभा चुनाव में 7 चरणों में चुनाव होना है, जिसमें से 6 चरण संपन्न हो चुके हैं और अंतिम यानी सातवां चरण रविवार (मई 19, 2019) को होने वाला है।

आईएएनएस ने खुद ही ट्वीट करते हुए ये बताया कि जारी किए गए एग्जिट पोल में सीटों की संख्या “मतदाताओं के एक सर्वेक्षण” पर आधारित है, जो कि साफ तौर पर आचार संहिता का उल्लंघन है, क्योंकि किसी को भी मतदान के सभी चरणों के समाप्त  होने के 30 मिनट बाद तक एग्जिट पोल प्रकाशित करने की अनुमति नहीं है।

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अब ये देखना बाकी है कि चुनाव आयोग आईएएनएस के खिलाफ कोई कार्रवाई करता है या नहीं। बता दें कि, इससे पहले भी, जब स्वराज एक्सप्रेस ने एग्जिट पोल प्रसारित किया था, तो कई चुनाव विश्लेषकों ने कहा था कि इंटरनेट के इस युग में चुनाव आयोग का ये नियम निरर्थक साबित हो सकता है, क्योंकि आज के युग में इंटरनेट पर क्या प्रकाशित किया जा रहा है, इस पर निगरानी रखना बेहद मुश्किल है।

गौरतलब है कि, इससे पहले एक ऑनलाइन मीडिया पोर्टल, स्वराज एक्सप्रेस ने चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन करते हुए एग्जिट पोल का प्रसारण किया था। फिलहाल वीडियो को यू ट्यूब से हटा दिया गया है। इस शो की ऐंकरिंग वायर के जर्नलिस्ट विनोद दुआ कर रहे थे, जिनके ऊपर यौन शोषण का आरोप लगा था।

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