Sunday, September 26, 2021
Homeराजनीतिमंगलुरु हिंसा में मारे गए लोगों के परिजनों को मुआवजा नहीं देगी येदियुरप्पा सरकार,...

मंगलुरु हिंसा में मारे गए लोगों के परिजनों को मुआवजा नहीं देगी येदियुरप्पा सरकार, फैसला लिया वापस

येदियुरप्पा ने हिंसा को सोची-समझी साजिश करार देते हुए कहा कि साजिशकर्ताओं ने पुलिस पर पथराव किया था। वो लोग एक ऑटोरिक्शा-ट्रॉली में पत्थर भरकर लाए थे, जिसे उन्होंने पुलिस के ऊपर फेंका। सरकार आगजनी और हिंसा में शामिल लोगों के बैकग्राउंड का पता लगाएगी और अपराध में शामिल सभी लोगों को गिरफ्तार करेगी।

कनार्टक के मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा ने मंगलुरु में पुलिस की गोलीबारी के दो पीड़ितों को 10-10 लाख रुपए का मुआवजा देने के अपने आदेश को पलट दिया है। मुख्यमंत्री येदियुरप्पा ने बुधवार (दिसंबर 25, 2019) को मीडिया से बात करते हुए कहा कि 19 दिसम्बर को मंगलुरु में हुई हिंसा में मारे गए दो लोगों के परिजनों को मुआवजा नहीं देने का फैसला किया गया है।

येदियुरप्पा ने दक्षिण कन्नड़ जिले के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ मैराथन बैठक के बाद संवाददाताओं से कहा, “हमने पुलिस गोलीबारी में मारे गए लोगों के परिवार के सदस्यों को मुआवजा नहीं देने का फैसला नहीं किया है, क्योंकि अपराधियों को मुआवजा देना अपने आप में एक अक्षम्य अपराध है। इससे पहले सरकार ने उन्हें मुआवजा देने का फैसला किया था, लेकिन अब हमने इसे वापस ले लिया है।”

मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्होंने पुलिस को 19 दिसंबर को दंगा करने वाले गुंडों की पहचान करने, उनके खिलाफ मामले दर्ज करने और कड़ी कार्रवाई शुरू करने का निर्देश दिया है। सीएम ने कहा, “अब यह स्पष्ट है कि यह (मंगलुरु दंगा) एक साजिश थी। लोगों ने थाने के शस्त्रागार में घुसने की कोशिश की। हम किसी को भी नहीं बख्शेंगे।”

उन्होंने इस हिंसा को सोची-समझी साजिश करार देते हुए कहा कि साजिशकर्ताओं ने पुलिस पर पथराव किया था। वो लोग एक ऑटोरिक्शा-ट्रॉली में पत्थर भरकर लाए थे, जिसे उन्होंने पुलिस के ऊपर फेंका। उन्होंने कहा कि सरकार आगजनी और हिंसा में शामिल लोगों के बैकग्राउंड का पता लगाएगी और अपराध में शामिल सभी लोगों को गिरफ्तार करेगी।

कर्नाटक सरकार के खिलाफ ‘बेबुनियाद’ आरोप लगाने के लिए विपक्ष की निंदा करते हुए येदियुरप्पा ने कहा, “जब दिमाग सही से काम नहीं करता है तो विपक्षी इसी तरह की बात करते हैं। उन बेचारों के पास उठाने के लिए अन्य कोई मुद्दा नहीं है, इसलिए वे इस तरह के गैरजिम्मेदाराना बयान देते हैं। साक्ष्य में आगजनी और लूट में उनकी (दंगाइयों) भागीदारी साफ तौर दिख रही है।”

गौरतलब है कि पिछले सप्ताह मंगलुरु में प्रदर्शन के दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच झड़प हो गई थी, जिसमें दो लोग मारे गए थे। मृतकों की पहचान 49 वर्षीय जलील कुद्रोली और 23 वर्षीय नौशीन के रूप में की गई है।

 

  सहयोग करें  

एनडीटीवी हो या 'द वायर', इन्हें कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

केरल: CPI(M) यूथ विंग कार्यकर्ता ने किया दलित बच्ची का यौन शोषण, वामपंथी नेताओं ने परिवार को गाँव से बहिष्कृत किया

केरल में DYFI कार्यकर्ता पर एक दलित बच्ची के यौन शोषण का आरोप लगा है। बच्ची की उम्र मात्र 9 वर्ष है। DYFI केरल की सत्ताधारी पार्टी CPI(M) का यूथ विंग है।

कॉन्ग्रेसियों ने BJP सांसद व भाजपा कार्यकर्ताओं को दौड़ा-दौड़ा कर पीटा, बरसाए ईंट-पत्थर: 9 बार के कॉन्ग्रेस MLA पर आरोप

उत्तर प्रदेश के प्रतापगढ़ में भाजपा सांसद संगम लाल गुप्ता की पिटाई की गई है। 9 बार के विधायक प्रमोद तिवारी और कॉन्ग्रेस कार्यकर्ताओं पर इस घटना को अंजाम देने के आरोप लगे हैं।

प्रचलित ख़बरें

- विज्ञापन -

हमसे जुड़ें

295,307FansLike
124,369FollowersFollow
410,000SubscribersSubscribe