‘TikTok हटाने से चीन लद्दाख में कब्जाई जमीन वापस कर देगा’ – मिलिंद सोमन पर भड़के उमर अब्दुल्ला

मिलिंद सोमन ने किया चीनी प्रोडक्ट्स के बहिष्कार का समर्थन तो भड़के उमर अब्दुल्ला

लद्दाख के लोकप्रिय इंजीनियर सोनम वांगचुक ने जनता को सलाह दी है कि वो चीनी ऐप्स का प्रयोग न करें, जिसके बाद लोगों ने अपने मोबाइल से चायनीज ऐप्स हटाने शुरू कर दिए। मॉडल मिलिंद सोमन से लेकर अभिनेता अरशद वारसी तक ने उनकी बातों को समझा और उस पर अमल किया। उन लोगों ने अपने फॉलोवर्स से भी ऐसा ही करने की गुजारिश की। लेकिन जम्मू कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला को ये सब रास नहीं आया।

बता दें कि सोनम वांगचुक ने उसी पहाड़ी के पास बैठ कर वीडियो बनाया था, जिसकी दूसरी ओर चीनी सेना ने तनाव पैदा किया हुआ है। उन्होंने जानकारी दी थी कि भारतीय सेना तो चीनी सैनिकों की इस हिमाकत को रोकने में लगी हुई है लेकिन क्या जनता का भी कुछ फर्ज नहीं बनता है? वांगचुक ने आमजनों को ‘दोतरफा लड़ाई’ की सलाह देते हुए चीनी प्रोडक्ट्स का प्रयोग बंद करने की सलाह दी थी और साथ ही ख़ुद भी उनका प्रयोग न करने की बात कही थी।

https://twitter.com/milindrunning/status/1266384133413994497?ref_src=twsrc%5Etfw

इसके बाद मिलिंद सोमन ने उनका वीडियो शेयर करते हुए कहा कि उन्होंने चाइनीज ऐप टिक-टॉक को अलविदा कह दिया है। इस खबर को ‘फ्रेंड्स ऑफ आरएसएस’ ने शेयर किया, जिससे उमर अब्दुल्ला चिढ़ गए। उन्होंने तुरंत मिलिंद सोमन के इस क़दम पर तंज कसते हुए लिखा, “समस्या का समाधान हो गया। टिक-टॉक अब ये सुनिश्चित करेगा कि चीन लद्दाख के उन क्षेत्रों को खाली कर दे, जहाँ उसने कब्जा किया हुआ है।

https://twitter.com/OmarAbdullah/status/1266651234913513472?ref_src=twsrc%5Etfw

भारत-चीन के सैनिकों के बीच तनाव और चीनी सैनिकों के घुसपैठ को रोकने वाली भारतीय सेना के उच्चाधिकारियों द्वारा स्पष्ट कहा गया है कि सीमा पर कहीं भी घुसपैठ रोकने को वो सक्षम हैं। इधर लद्दाख में चीनी सैनिकों द्वारा भारतीय ज़मीन कब्जाए जाने की जो बातें सामने आ रही हैं, वो झूठी हैं। भारत में चीन के राजदूत ने कहा है कि इस मसले को कूटनीतिक तौर पर हल किया जाना चाहिए। लेकिन, उमर अब्दुल्ला ने कहा कि चीन ने लद्दाख के इलाकों को कब्जा लिया है। व्यंग्य में ही सही, लेकिन एक पूर्व मुख्यमंत्री होने के नाते अपने ही देश पर विदेशी सैनिक के कब्जे की झूठी बात कोई कैसे कर सकता है?

अभिनेता अरशद वारसी ने भी लिखा कि वो सतर्कता से हर उस चीज का प्रयोग बंद करने जा रहे हैं, जो चाइनीज है। हालाँकि, उन्होंने माना कि चीनी प्रोडक्ट्स हमारे जीवन का हिस्सा बन चुके हैं और उन्हें छोड़ने में समय लगेगा लेकिन वो जल्द ही ‘चाइनीज फ्री’ बन जाएँगे। उन्होंने लोगों से कहा कि आपको भी ऐसा ही करने की कोशिश करनी चाहिए। उन्हें इसके लिए पाकिस्तानियों के गुस्से का सामना भी करना पड़ा।

एक मोहम्मद आकिब ने उन्हें रिप्लाई देते हुए लिखा कि वो भी अपने जीवन से भारत को बैन करने जा रहा है। उसने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को ‘फासिस्ट’ करार देते हुए दावा किया कि भारत में दूसरे मजहब पर अत्याचार हो रहा है और अरशद वारसी चुप हैं? उसने लिखा, “चीन ने डंडा दिया है तो आपकी आँखें बाहर आ रही हैं?” उसने अरशद वारसी पर तंज कसते हुए कहा कि तुम कितने ‘बहादुर’ हो, इसकी थाह लग गई है।

https://twitter.com/Sacha_jhoot/status/1266721698914672647?ref_src=twsrc%5Etfw

एक अन्य पाकिस्तानी अरशद खान ने भी जम्मू कश्मीर का मुद्दा उछाल कर उन्हें घेरने की कोशिश की। उसने कहा कि अरशद वारसी सिर्फ़ फ़िल्मी डायलॉग ही मार रहे हैं और कश्मीर में ‘समुदाय विशेष पर हो रहे जुर्म’ पर उन्होंने चुप्पी साध रखी है। इधर उमर अब्दुल्ला द्वारा चायनीज प्रोडक्ट्स के बॉयकॉट किए जाने का मजाक उड़ाने पर लोगों ने उसकी क्लास भी ली और चीन के प्रति सहानुभूति का कारण पूछा।

ऑपइंडिया स्टाफ़: कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया