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बिहार: गोपालगंज में ​हर जगह लगे ‘आई सपोर्ट नूपुर शर्मा’ के पोस्टर, राजद नेता के ‘विरोध मार्च’ को पुलिस ने नहीं दी इजाजत

पार्क, मंदिर, चौक-चौराहों और कोचिंग सेंटर के आस-पास समर्थन में पोस्टर लगाए गए हैं। दूसरी तरफ गोपालगंज पुलिस ने नूपुर शर्मा के खिलाफ प्रस्तावित विरोध रैली को अनुमति देने से इनकार कर दिया।

बिहार के गोपालगंज में नूपुर शर्मा के समर्थन में पोस्टर लगाए गए हैं। पोस्टर शहर के तमाम हिस्सों में दिखाई दे रहे हैं। पोस्टर में नूपुर शर्मा की फोटो के साथ ‘आई सपोर्ट नुपूर शर्मा’ लिखा हुआ है। बताया जा रहा है कि ये पोस्टर 12-13 जून की दरम्यानी रात लगाए गए हैं। इसके बाद खुफिया विभाग और पुलिस डिपार्टमेंट अलर्ट मोड पर है।

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक ये पोस्टर बिहार के हिंदूवादी संगठनों ने लगाए हैं। पार्क, मंदिर, चौक-चौराहों और कोचिंग सेंटर के आस-पास पोस्टर लगाए गए हैं। दूसरी तरफ गोपालगंज पुलिस ने नूपुर शर्मा के खिलाफ प्रस्तावित विरोध प्रदर्शन को अनुमति देने से इनकार कर दिया। यह अनुमति पूर्व विधायक रियाजुल हक ने माँगी थी। विरोध रैली 12 जून को निकलनी थी।

बिहार पुलिस आदेश

राजद के पूर्व विधायक रियाजुल हक ने इसे ‘विरोध मार्च’ का नाम दिया था। यह जुलूस अम्बेडकर चौक से निकलना था। पुलिस ने इस प्रदर्शन की अनुमति यह कहते हुए देने से इनकार कर दिया कि इससे सामाजिक सौहार्द को खतरा हो सकता है। अनुमति नहीं मिलने पर हक ने कहा कि जिला प्रशासन को RSS के द्वारा दंगा फैलाने का शक है। उन्होंने कहा, “हमने उलेमा आदि के साथ मिलकर फैसला किया है कि हम इस प्रदर्शन को निरस्त कर रहे हैं। हम नहीं चाहते कि हमारे लोगों पर कार्रवाई हो। हम राष्ट्रपति के नाम पत्र भेज कर नूपुर शर्मा पर कार्रवाई की माँग करते हैं। रसूल के चाहने वालों से निवदेन है कि बे जहाँ रहें वहाँ शांति से रहें और सब्र करें।”

मुस्लिमों के एक संगठन ने गोपालगंज के एक थाने में नूपुर शर्मा के खिलाफ FIR करने की माँग के साथ लिखित शिकायत दी है। वहीं प्रशासन ऐसे लोगों की लिस्ट तैयार कर रहा है जो सोशल मीडिया पर साम्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने का प्रयास कर रहे हैं। पुलिस के मुताबिक अब तक ऐसे 70 लोगों को चिन्हित किया गया है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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