क्षत-विक्षत अवस्था में मिलीं आतंकियों द्वारा मारे गए 2 भाइयों की लाशें, गुज्जर मुस्लिम थे मृतक

मंज़ूर और क़ादिर कजन भाई थे, जिनका 20 अगस्त को अपहरण कर लिया गया था

दक्षिण कश्मीर के पुलवामा जिला स्थित त्राल में पाकिस्तान समर्थित आतंकियों ने 2 निर्दोष नागरिकों की जान ले ली। आतंकियों ने इस घटना को काफ़ी भयावह तरीके से अंजाम दिया। आतंकियों की दरिंदगी का शिकार बने दोनों ही मृतक मुस्लिम हैं और गुज्जर समुदाय से ताल्लुक रखते हैं। जब उनकी लाशें मिलीं, तब उनके दोनों हाथ बँधे हुए थे और देख कर ऐसा प्रतीत हो रहा था जैसे आतंकियों ने दोनों को मारने से पहले उनके साथ काफ़ी बेरहमी भरा व्यवहार किया।

मृतक मंज़ूर अहमद कोहली और मोहद क़ादिर की लाशें क्षत-विक्षत अवस्था में मिलीं। मंज़ूर और क़ादिर कजन भाई थे। दोनों पूँछ और नोमाड्स क्षेत्र के निवासी थे। इन दोनों को अगस्त 20, 2019 को आतंकियों ने अपहृत कर लिया था। पुलिस इन दोनों की तलाश में लगी हुई थी। गुरुवार (अगस्त 27, 2019) को दोनों की लाशें त्राल के जंगल में मिलीं। पुलिस ने इस घटना के लिए ज़िम्मेदार आतंकियों की तलाश शुरू कर दी है।

यह भी जानने लायक बात है कि अगस्त 5, 2019 को जब अनुच्छेद 370 के प्रावधानों को निरस्त कर जम्मू कश्मीर के पुनर्गठन पर संसद ने अपनी मुहर लगाईं, उसके बाद से यह घाटी में पहला आतंकी हमला है। अर्थात, पिछले 23 दिनों में आतंकियों ने पहली बार किसी निर्दोष की जान ली है, वो भी दो लोगों की। इससे पहले अगस्त 20, 2019 को पुलिस और आतंकियों के बीच मुठभेड़ हुई थी, जिसमें एक स्पेशल पुलिस अधिकारी वीरगति को प्राप्त हो गए थे और 2 लश्कर के आतंकी भी मारे गए थे।

पुलवामा में हुई उस मुठभेड़ में किसी नागरिक की जान नहीं गई थी। ख़ुफ़िया सूचनाओं के मुताबिक़, आतंकी जम्मू कश्मीर पर सरकार के निर्णय का बदला लेने के लिए न सिर्फ़ जम्मू-कश्मीर बल्कि देश के अन्य हिस्सों में भी घुसपैठ कर हमले करना चाहते थे। मध्य प्रदेश, राजस्थान और पंजाब में पहले ही अलर्ट जारी किया गया था। नौसेना प्रमुख भी कह चुके हैं कि पाकिस्तानी आतंकियों द्वारा समुद्र के रास्ते हमले की योजना बनाई जा रही है लेकिन उसका जवाब देने के लिए भारतीय नौसेना तैयार है।

ऑपइंडिया स्टाफ़: कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया