Homeरिपोर्टअंतरराष्ट्रीयकेरल से UAE बुलाकर दी नौकरी, पर माँगने पर ₹50 हजार नहीं दिए: यासिर...

केरल से UAE बुलाकर दी नौकरी, पर माँगने पर ₹50 हजार नहीं दिए: यासिर ने जिस मोहम्मद गजनी की चाही भलाई, उसी ने चाकुओं से गोदकर मारा

एक दिन इसी बात को लेकर गजनी ने यासिर को मुसाफा के एक गोदाम में बुलाया। वहाँ पहले ही गजनी ने अपने दो दोस्तों को बुलाकर रखा था। यहाँ भी गजनी ने यासिर से पैसे की चर्चा की और जब बात बढ़ गई तो वह हिंसक हो गया। उसके बाद तीनों ने मिलकर यासिर की हत्या कर दी।

संयुक्त अरब अमीरात (UAE) की राजधानी अबू धाबी में एक भारतीय व्यक्ति की हत्या करने की घटना सामने आई है। यह हत्या उसके एक रिश्तेदार ने ही की है, जो पैसों की लेन-देन को लेकर मृतक से नाराज थे। मृतक की पहचान 38 वर्षीय यासिर आराफात के रूप में हुई है और वह केरल के मलाप्पुरम जिले का रहने वाला था।

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, यासिर मलप्पुरम जिले के चंगारामकुलम के रहने वाले थे और अबू धाबी के मुसाफा जिले में उनकी हत्या की गई है। जिस व्यक्ति ने यासिर की हत्या की वह उनका रिश्तेदार था और यासिर ने दो महीने पहले ही उसे अपने यहाँ नौकरी पर रखा था।

रिपोर्ट में कहा गया है कि यासिर आराफात अबू धाबी में एक डिजायनिंग फॉर्म चलाते थे। इस फॉर्म में ही उन्होंने मोहम्मद गजनी नामक रिश्तेदार को नौकरी दी। यासिर मोहम्मद गजनी को समय पर वेतन भी देते थे। एक बार मोहम्मद गजनी ने आराफात से 50 हजार रुपए की मदद माँगी। हालाँकि, आराफात ने पैसे नहीं दिए। इससे गजनी खफा रहने लगा।

एक दिन इसी बात को लेकर गजनी ने यासिर को मुसाफा के एक गोदाम में बुलाया। वहाँ पहले ही गजनी ने अपने दो दोस्तों को बुलाकर रखा था। यहाँ भी गजनी ने यासिर से पैसे की चर्चा की और जब बात बढ़ गई तो वह हिंसक हो गया। उसके बाद तीनों ने मिलकर यासिर की हत्या कर दी।

जब यासिर गोदाम में गिर गए तो गोदाम से भागने से पहले गजनी ने यासिर को चाकू से गोद कर हत्या कर दी। इसके बाद यासिर की मौके पर ही मौत हो गई। इसके बाद गजनी और उसके दोस्त पुलिस से छिपने की कोशिश करते रहे। हालाँकि, पुलिस ने उसे खोज निकाला और गिरफ्तार कर लिया।

यासिर अराफात के परिवार में उनके पिता अब्दुल खादर, माँ खादीजाक्कुट्टी, गर्भवती पत्नी रमला और दो बच्चे हैं। पुलिस ने गिरफ्तार आरोपितों के खिलाफ वहाँ की स्थानीय कानून के तहत कार्रवाई कर रही है।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

INDI गठबंधन की बैठक में आई पार्टियाँ बजा रही थी अपनी ढपली अपना राग, उधर एक झटके में 21 सांसद हो गए कम: जानें...

एक तरफ दीदी दिल्ली में विपक्षी एकता की नई स्क्रिप्ट लिख रही थीं, तो दूसरी तरफ एक ही झटके में उनके 21 सांसद कम हो चुके थे।

बंगाल में CAA-विरोधी दंगों की जाँच के आदेश, UP स्टाइल में होगी वसूली: पढ़ें ममता सरकार ने इस्लामी कट्टरपंथियों को कैसे दी थी रेलवे...

बंगाल में 2019 के CAA विरोधी दंगों की जाँच फिर से होगी। सीएम शुभेंदु ने रेलवे को हुए 93 करोड़ के नुकसान और हिंसा की समीक्षा के आदेश दिए हैं।
- विज्ञापन -