पाकिस्तानी शाहजेब खान ने न्यूयॉर्क के यहूदी ठिकानों पर हमले की योजना बनाई थी, कोर्ट में कबूला अपना जुर्म: 12 अगस्त को मिलेगी सजा

पाकिस्तानी आतंकवादी मुहम्मद शाहजेब खान ने अमेरिका में बड़े आतंकी हमले की साजिश रचने का जुर्म कबूल लिया है। मुहम्मद शाहजेब खान कनाडा से न्यूयॉर्क की सीमा पार करके 7 अक्टूबर 2024 को एक यहूदी ठिकाने पर सामूहिक गोलीबारी करने की योजना बना रहा था। यह इजरायल पर हमास के आतंकवादी हमले की पहली वर्षगाँठ के अवसर पर किया जाने वाला था। उसका मकसद ज्यादा से ज्यादा यहूदियों को मारना था।

खान ने पॉल जी गार्डेफे के सामने अपना अपराध कबूल कर लिया है। उसे 12 अगस्त 2026 सजा सुनाई जाएगी। उसे अधिकतम आजीवन कारावास की सजा हो सकती है।

हमास हमलों की बरसी पर इजरायल में प्लान किया गया हमला

सहायक अटॉर्नी जनरल जॉन ए आइजेनबर्ग के अनुसार, खान ने इस हमले की साजिश को बहुत सोच-समझकर 7 अक्टूबर 2023 हमास के हमले की वर्षगाँठ के साथ जोड़कर अंजाम देने की योजना बनाई थी। अधिकारियों के मुताबिक, उसका इरादा यहूदी समुदाय को निशाना बनाकर अधिकतम लोगों को नुकसान पहुँचाना था।

सहायक अटॉर्नी जनरल जॉन ए आइजेनबर्ग ने कहा, “खान ने न्यूयॉर्क सिटी में एक यहूदी केंद्र पर सामूहिक गोलीबारी की योजना बनाई थी… जिसका साफ मकसद ज्यादा से ज्यादा यहूदियों की हत्या करना था।”

उन्होंने आगे बताया कि खान ने न्यूयॉर्क शहर को सबसे सही जगह माना, क्योंकि यहाँ बड़ी संख्या में यहूदी आबादी रहती है और उसे लगता था कि यह हमला 11 सितंबर के हमले के बाद अमेरिकी जमीन पर सबसे बड़ा हमला बन सकता है।

अमेरिकी अटॉर्नी जे क्लेटन ने पुष्टि की कि यह साजिश ISIS की विचारधारा से प्रेरित थी। उन्होंने कहा, “मोहम्मद खान एक भयानक हमला करने की योजना बना रहा था… जो ISIS के समर्थन में होता” और यह भी जोड़ा कि उसे अमेरिका में प्रवेश करने से पहले ही इस साजिश को नाकाम कर दिया गया।

अमेरिका में प्रवेश से पहले हमला रोका गया

अधिकारियों ने बताया कि इस साजिश को कई एजेंसियों के संयुक्त प्रयास से नाकाम किया गया, जिनमें FBI और न्यूयॉर्क जॉइंट टेररिज्म टास्क फोर्स आतंकवाद कार्य बल शामिल थे।

FBI अधिकारी कोल्ट मार्कोव्स्की ने कहा कि खान एक बड़े स्तर पर हमला करने की योजना बना रहा था, जिससे “कई लोगों की जान जा सकती थी या वे घायल हो सकते थे।” उन्होंने यह भी कहा कि अब दोष स्वीकार करने के बाद खान को “न्यूयॉर्क सिटी में सामूहिक गोलीबारी की साजिश रचने के परिणाम भुगतने होंगे।”

इसी तरह, जेम्स सी बार्नकल जूनियर ने बताया कि खान को अपनी योजना को अंजाम देने से पहले ही अमेरिका की सीमा से करीब 12 मील दूर पकड़ लिया गया था। उन्होंने कहा, “खान बड़े पैमाने पर जान-माल का नुकसान और डर फैलाने की योजना बना रहा था… लेकिन उसे पहले ही रोक लिया गया।”

न्यूयॉर्क पुलिस कमिश्नर जेसिका एस टिश ने भी इस ऑपरेशन के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने कहा, “NYPD इस खतरनाक साजिश को एक बड़े हमले में बदलने से पहले ही रोकने में सफल रही,” और यह भी जोड़ा कि यह मामला शहर की नफरत से प्रेरित हिंसा को रोकने की प्रतिबद्धता को दिखाता है।

ISIS लिंक और योजना

जाँच में सामने आया कि खान 2023 के आखिर से ही ISIS का ऑनलाइन सक्रिय रूप से समर्थन कर रहा था। वह प्रचार (प्रोपेगेंडा) से जुड़े वीडियो साझा करता था और अमेरिका में हमले करने को लेकर कई लोगों से बातचीत कर रहा था।

उसे इस बात की जानकारी नहीं थी कि जिन लोगों से वह संपर्क में था, उनमें से कुछ अंडरकवर अधिकारी थे। इन बातचीत के दौरान खान ने एआर-स्टाइल असॉल्ट राइफल और अन्य हथियारों का इस्तेमाल कर यहूदी केंद्रों को निशाना बनाने की बात की। उसने अधिकारियों को हथियार, गोला-बारूद और यहाँ तक कि चाकू की व्यवस्था करने के निर्देश भी दिए।

एक मौके पर खान ने कहा, “न्यूयॉर्क यहूदियों को निशाना बनाने के लिए बिल्कुल सही है” और इसकी वजह शहर में बड़ी यहूदी आबादी को बताया। उसने डरावने अंदाज में यह भी कहा, “हम उन्हें मारने के लिए एनवाईसी जा रहे हैं” और उस जगह की तस्वीरें भी साझा कीं, जहाँ वह हमला करने की योजना बना रहा था।

बैकग्राउंड ऑफ केस

यह मामला नवंबर 2023 का है, जब उस समय कनाडा में रह रहा खान ऑनलाइन ISIS के समर्थन में बातें करने लगा था। इसके बाद के महीनों में उसने अमेरिका में हमले करने की एक विस्तृत योजना तैयार की।

शुरुआत में उसने अमेरिका के किसी अन्य शहर को निशाना बनाने का सोचा, लेकिन बाद में उसने अपना ध्यान न्यू यॉर्क सिटी पर ला दिया। अगस्त 2024 तक उसने ब्रुकलीन में 7 अक्टूबर के आसपास एक यहूदी केंद्र पर हमला करने की अपनी योजना को अंतिम रूप दे दिया था।

4 सितंबर 2024 को खान ने एक मानव तस्कर की मदद से टोरोन्टो क्षेत्र से अमेरिका की सीमा की ओर जाने की कोशिश की। हालाँकि उसे ऑर्म्सटाउन में जो सीमा से करीब 12 मील दूर है, रोककर गिरफ्तार कर लिया गया।

गिरफ्तारी के बाद उसे जून 2025 में अमेरिका प्रत्यर्पित कर दिया गया। अब उसके द्वारा जुर्म कबूल करने के बाद यह मामला अपने निष्कर्ष के करीब पहुँच गया है और इसी साल उसके सजा सुनाए जाने की उम्मीद है।