Homeदेश-समाजनौशाद उर्फ सुहैल पर NSA के तहत चलेगा मामला, मेरठ में लोगों को खिलाता...

नौशाद उर्फ सुहैल पर NSA के तहत चलेगा मामला, मेरठ में लोगों को खिलाता था थूक वाली रोटियाँ

नौशाद उर्फ़ सुहैल फ़िलहाल न्यायिक हिरासत में है और UP पुलिस ने NSA लगाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। इंस्पेक्टर प्रमोद कुमार ने जानकारी दी है कि नौशाद पर रासुका लगाने की प्रक्रिया अपनाई जा रही है।

उत्तर प्रदेश में शादी समारोहों में थूक लगा कर रोटियाँ बनाने वाले नौशाद के ऊपर ‘राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (NSA)’ के तहत मामला दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी। नौशाद उर्फ़ सुहैल फ़िलहाल न्यायिक हिरासत में है और पुलिस ने NSA लगाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। हिन्दू जागरण मंच के महानगर अध्यक्ष सचिन सिरोही ने माँग की थी कि नौशाद पर रासुका की कार्रवाई की जाए। उनकी शिकायत पर ही ये कार्रवाई हुई है।

वहीं हाल ही में भाजपा विधायक सोमेंद्र तोमर ने भी विधानसभा में नौशाद उर्फ़ सुहैल पर रासुका लगाने का मुद्दा उठाया, जिसके बाद ये मामला राज्य भर में चर्चा का विषय बना। मेडिकल थाने के इंस्पेक्टर प्रमोद कुमार ने जानकारी दी है कि नौशाद पर रासुका लगाने की प्रक्रिया अपनाई जा रही है और इसके लिए अभियोजन अधिकारियों से भी राय ली जा रही है। कई मामले पहले से दर्ज हैं, जिसमें NSA जोड़ा जाएगा।

नौशाद उर्फ़ सुहैल ने पुलिस को दिए गए बयान में आरोपों को गलत बताते हुए दावा किया कि गंदगी न गिरे, इसलिए तंदूर में रोटी डालते वक्त उसे बार-बार झुकना पड़ रहा था। वहीं थाने के एक वायरल वीडियो में वो कहता दिख रहा है कि वो 10-15 सालों से रोटी बना रहा है और उतने ही समय से रोटियों पर थूक भी लगा रहा है। मेरठ में थूक लगा कर रोटी बनाने के मामले में गिरफ्तार नौशाद के पिता का नाम अख्तर है।

‘हिन्दू जागरण मंच’ के सचिन सिरोही ने अपनी लिखित तहरीर में बताया था कि नौशाद उर्फ़ सोहैल शादी समारोह में तंदूर की रोटियाँ बनाते समय थूक कर तंदूर में सेंक रहा था। उन्होंने अपनी शिकायत में कोरोना वायरस संक्रमण महामारी का भी जिक्र किया था। हिरासत में लेकर जब पुलिस ने उससे पूछताछ की तो उसने कबूल किया था कि इस वीडियो में दिख रहा शख्स वही है और उसने ही इस तरह की हरकत की है।

Join OpIndia's official WhatsApp channel

  सहयोग करें  

'द वायर' जैसे राष्ट्रवादी विचारधारा के विरोधी वेबसाइट्स को कभी पैसों की कमी नहीं होती। देश-विदेश से क्रांति के नाम पर ख़ूब फ़ंडिग मिलती है इन्हें। इनसे लड़ने के लिए हमारे हाथ मज़बूत करें। जितना बन सके, सहयोग करें

ऑपइंडिया स्टाफ़
ऑपइंडिया स्टाफ़http://www.opindia.in
कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

संबंधित ख़बरें

ख़ास ख़बरें

‘मेविस्तान’ बनाने का सपना, अलवर-भरतपुर में हिंसा और फिर गाँधी-नेहरू का हस्तक्षेप: जानिए मेवात के उस इतिहास की पूरी कहानी, जिसने बदल दिया इलाके...

मेविस्तान की माँग, 1933 का गोविंदगढ़ संघर्ष, 1947 का अलवर-भरतपुर घटनाक्रम और गाँधी-नेहरू के हस्तक्षेप से जुड़ी मेवात की पूरी कहानी जानिए।

59 करोड़ अकाउंट्स, लाखों करोड़ की कैपिटल और आखिरी व्यक्ति तक पहुँचता बैंकिंग सिस्टम… फिर क्यों जनधन योजना से सुभाष गर्ग को लगी मिर्ची?

सुभाष गर्ग ने जनधन योजना के 59 करोड़ खातों पर सवाल उठाए, जानिए जीरो बैलेंस, इनएक्टिव अकाउंट्स और DBT से जुड़ी पूरी कहानी।
- विज्ञापन -