Homeराजनीतिराजीव गाँधी को 'भ्रष्टाचारी' कहने के मामले में मोदी के खिलाफ SC पहुँची कॉन्ग्रेस

राजीव गाँधी को ‘भ्रष्टाचारी’ कहने के मामले में मोदी के खिलाफ SC पहुँची कॉन्ग्रेस

नरेंद्र मोदी और अमित शाह ने रिप्रजेंटेशन ऑफ पीपुल्स एक्ट 1951 की धारा 123ए का उल्लंघन किया है। देव ने कहा कि इस तरह की टिप्पणी ऐसे उच्च पद पर बैठे व्यक्ति को करना शोभा नहीं देता।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गाँधी को ‘भ्रष्टाचारी नंबर 1’ कहने के मामले में अब नया मोड़ ले लिया है। कॉन्ग्रेसी सांसद सुष्‍मिता देव ने मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट में मोदी की इस टिप्पणी के खिलाफ अपील दायर की है। यहाँ तक कि कॉन्ग्रेस ने चुनाव आयोग को भी नहीं बख्शा। देव ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग ने इस मामले में मोदी को जो क्लीन चिट दी है वह पक्षपाती है। देव ने अपनी शिकायत में कहा है कि चुनाव आयोग ने इस मामले को गंभीरता से नहीं लिया।

नरेंद्र मोदी और अमित शाह ने रिप्रजेंटेशन ऑफ पीपुल्स एक्ट 1951 की धारा 123ए का उल्लंघन किया है। देव ने कहा कि इस तरह की टिप्पणी ऐसे उच्च पद पर बैठे व्यक्ति को करना शोभा नहीं देता। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, देव की अपील पर सुप्रीम कोर्ट बुधवार (मई 8, 2019) को सुनवाई करेगा।

बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की इस टिप्पणी के बाद कॉन्ग्रेस के साथ ही अन्य पार्टियों ने भी इसका कड़ा विरोध किया था। वहीं सोशल मीडिया पर दोनों पक्षों के बीच तीखी नोकझोंक होती रही। लोगों का कहना था कि किसी के मृत्यु से उसके अपराध नहीं ख़त्म हो जाते। जबकि कॉन्ग्रेस का कहना था कि प्रधानमंत्री ने पूर्व प्रधानमंत्री पर ऐसी टिप्पणी कर अपने पद की गरिमा को कम किया है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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