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मुस्लिम महिला को CM योगी ने दिलाया न्याय, 3 तलाक देने वाला मदरसा का डायरेक्टर अरेस्ट

तीन तलाक कानून के प्रभाव में आने के बाद यह पहला मामला है, जिसमें गिरफ्तारी हुई है। तरन्नुम ने बताया कि इस तुरंत कार्रवाई के लिए वो हमेशा योगी आदित्यनाथ की आभारी रहेंगी।

तीन तलाक मामले में यूपी पुलिस ने जीकरू रहमान को गिरफ्तार किया। ये गिरफ्तारी मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आदेश पर हुई। आरोपित मालपुरा इलाके का रहने वाला है। जानकारी के अनुसार जीकरू (Zikru Rehman) की पत्नी तरन्नूम बेगम ने मुख्यमंत्री से इस मामले पर शिकायत की थी कि उसके पति ने उसे तीन तलाक दे दिया है।

शिकायत के मुताबिक, तरन्नुम ने बताया था कि उनका निकाह जीकरू से 5 साल पहले हुआ था। उसके तीन बच्चे हैं। शादी के बाद से ही रहमान उनके साथ बदसलूकी करता था। पिछले हफ्ते मदरसे में पढ़ने वाले एक लड़की से निकाह करने के बाद जीकरू ने तरन्नूम को तलाक दे दिया था। ये लड़की उसी मदरसे में पढ़ती थी, जिसमें जीकरू न सिर्फ पढ़ाता था बल्कि वहाँ का डायरेक्टर भी वही था।

तरन्नूम का आरोप है कि तलाक देने के बाद उसे घर से बाहर निकाल दिया गया। जिसके बाद उसने मदद के लिए योगी आदित्यनाथ का दरवाजा खटखटाया। शिकायत लेकर वह योगी आदित्यनाथ से मिली। तथ्यों की जाँच के बाद स्थानीय पुलिस को मामले पर तुरंत एक्शन लेने की बात कही गई। मुस्लिम मैरिज प्रोटेक्शन एक्ट के अंतर्गत जीकरू को तुरंत गिरफ्तार किया गया। बता दें कि कानून के प्रभाव में आने के बाद ये पहला मामला है जिसमें गिरफ्तारी हुई है।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा दिलाए इंसाफ़ को लेकर तरन्नूम बहुत खुश है। तरन्नुम ने इंडिया टुडे से हुई बातचीत में अपनी खुशी जाहिर की। महिला ने कहा कि उसे हमेशा से योगी आदित्यनाथ पर भरोसा था कि वो इस मामले में जरूर कार्रवाई करेंगे। महिला ने बताया कि इस तुरंत कार्रवाई के लिए वो हमेशा योगी आदित्यनाथ की आभारी रहेंगी।

तीन तलाक मामले में पुलिस की इस कार्रवाई पर सोशल एक्टिविस्ट आमिर कुरैशी ने कहा कि यह देखना बेहद खुश करने वाला है कि अब आखिरकार सरकार देश में रह रही करोड़ों मुस्लिम महिलाओं का भरोसा जीतने के लिए उचित कदम उठा रही है। उन्होंने कहा कि ये नया कानून मुस्लिम पुरूषों को सबक सिखाएगा कि महिलाएँ उनकी संपत्ति नहीं हैं। उन्हें भी इज्जत और सम्मान से रहने का अधिकार है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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