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पंजाब के CM भगवंत मान शराब पीकर माथा टेकने गए दमदमा साहिब गुरुद्वारा: ‘माफी माँगो मुख्यमंत्री’ की माँग तेज

सुखबीर सिंह बादल ने कहा कि वह मुख्यमंत्री मान के खिलाफ 6 महीने तक बोलना नहीं चाहते थे, लेकिन सिख मर्यादा और गुरुद्वारे की बेअदबी उनसे बर्दाश्त नहीं हुई।

आम आदमी पार्टी के नेता और पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान (AAP Leader & Punjab CM Bhagwant Mann) के नशे में के अक्सर आरोप लगते रहते हैं। अब उन पर शराब के नशे में गुरुद्वारा में माथा टेकने का आरोप लगा है। शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमिटी (SGPC) ने उनसे सार्वजनिक रूप से माफी की माँग की है।

अकाली दल (Akali Dal) के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल (Sukhbir Singh Badal) ने आरोप लगाया है कि मुख्यमंत्री मान ने जालंधऱ में अंबेडकर जयंती पर आयोजित एक समारोह में शामिल होने से पहले तलवंडी साबो गुरुद्वरा तख्त श्री दमदमा साहिब में नशे की हालत में ही माथा टेका था।

उन्होंने कहा कि जब भगवंत मान माथा टेकने आए तो उन्होंने शराब पी रखी थी और वह नशे में थे। उन्होंने मर्यादा का ख्याल नहीं रखा। वे अब मुख्यमंत्री हैं और दुनिया उन्हें देख रही है। बादल ने कहा कि वह मुख्यमंत्री के खिलाफ 6 महीने तक बोलना नहीं चाहते थे, लेकिन सिख मर्यादा और गुरुद्वारे की बेअदबी उनसे बर्दाश्त नहीं हुई।

वहीं, SGPC के वरिष्ठ उपाध्यक्ष रघुजीत सिंह विर्क ने कहा कि मुख्यमंत्री ने शराब के नशे में एक पवित्र स्थान का दौरा किया और सिख ‘रेहत मर्यादा’ (आचार संहिता) का उल्लंघन किया।भगवंत मान के कदाचार से पता चलता है कि उन्होंने गुरुघर को उचित सम्मान नहीं दिया और संवैधानिक पद की प्रतिष्ठा को भी कम किया है। विर्क ने कहा कि सीएम मान को सिख समुदाय से माफी माँगनी चाहिए।

इस मामले में कॉन्ग्रेस और भाजपा ने भी मुख्यमंत्री मान को कठघरे में खड़ा किया है। दोनों पार्टियों ने कहा कि कार्यक्रमों के दौरान सीएम की बॉडी लैंग्वेज से पता चलता है कि वे शराब के नशे में थे। उनका मेडिकल टेस्ट कराया जाना चाहिए। वहीं, आम आदमी पार्टी ने विपक्षी दलों पर सीएम की छवि खराब करने का आरोप लगाया है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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