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‘कॉन्ग्रेस छोडो, BJP को जोड़ो’: भाजपा में शामिल हुए गोवा के 8 कॉन्ग्रेसी विधायक, राजस्थान में ‘सचिन पायलट ज़िंदाबाद’ नारे पर बैन

राजस्थान कॉन्ग्रेस में भी सब कुछ ठीक नहीं है। राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की सभा में सचिन पायलट जिंदाबाद के नारे लगाए गए। इतना ही नहीं, गहलोत के मंत्री अशोक चांदना पर पायलट समर्थकों ने जूते-चप्पल भी फेंके। इसके बाद सीएम गहलोत ने पायलट जिंदाबाद का नारा लगाने वालों को जेल भेजने की धमकी दी।

कॉन्ग्रेस नेता राहुल गाँधी इस ‘भारत जोड़ो यात्रा’ कर रहे हैं और उधर उनकी पार्टी में भगदड़ मची हुई है। गोवा के 11 में से 8 विधायक भाजपा (BJP) में शामिल हो गए हैं। इनमें विपक्ष के नेता माइकल लोबो और पूर्व मुख्यमंत्री दिगंबर कामत शामिल हैं। गोवा भाजपा के अध्यक्ष सदानंद शेत तनवड़े ने बुधवार (14 सितंबर 2022) को इसकी जानकारी दी।

गोवा विधानसभा में विपक्ष के नेता माइकल लोबो ने बुधवार को कॉन्ग्रेस विधायक दल की एक महत्वपूर्ण बैठक की थी। इस बैठक में कॉन्ग्रेस विधायक दल को भाजपा में विलय करने पर निर्णय लिया गया था। इसके बाद व प्रदेश के मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत से मिलने गए।

कॉन्ग्रेस के जिन नेताओं के पार्टी छोड़कर भाजपा में शामिल होने की बात कही जा रही है, उनमें पूर्व मुख्यमंत्री दिगंबर कामथ दिगंबर कामत, माइकल लोबो, डी लोबो, राजेश फलदेसाई, केदार नायक, संकल्प अमोनकर, अलेक्सो सिकेरा और रुडॉल्फ फर्नांडिस शामिल हैं। 

बता दें कि 40 सदस्यीय गोवा विधानसभा में कॉन्ग्रेस के 11 और भाजपा के पास 20 विधायक थे। 8 विधायकों के भाजपा में शामिल होने के बाद कॉन्ग्रेस के पास 3 विधायक बच जाएँगे। साल 2019 में जुलाई 2019 में इसी तरह कॉन्ग्रेस के 10 विधायक भाजपा में शामिल हो गए थे।

माइकल लोबो ने कहा कि वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और सीएम प्रमोद सावंत के हाथ मजबूत करने के लिए बीजेपी में शामिल हुए हैं। उन्होंने ‘कॉन्ग्रेस छोड़ो, बीजेपी को जोड़ो’ का भी नारा दिया। गोवा में विधायकों के भाजपा में विलय करने के बाद यह कॉन्ग्रेस के लिए एक बड़ा झटका माना जा रहा है।

गोवा इस साल फरवरी में चुनाव हुए थे। इसमें बीजेपी गठबंधन को 25 और कॉन्ग्रेस को 11 सीटें मिली थीं। गोवा कॉन्ग्रेस के ये 8 विधायक काफी समय से पार्टी हाईकमान से नाराज चल रहे थे। गोवा कॉन्ग्रेस में इस तरह की स्थिति जुलाई महीने में भी आई थी। हालाँकि, तब कॉन्ग्रेस ने सक्रियता दिखाते हुए विधायकों के दल बदल को रोक दिया था।

उस समय पार्टी ने माइकल लोबो पर आरोप लगाया था कि वे और दिगंबर कामत कॉन्ग्रेस के दूसरे विधायकों को एकजुट कर रहे हैं और उन्हें भाजपा में शामिल कराने की कोशिश कर रहे हैं। दोनों के खिलाफ विधानसभा स्पीकर के समक्ष अयोग्यता की याचिका भी दाखिल की गई थी।

बता दें कि राजस्थान कॉन्ग्रेस में भी सब कुछ ठीक नहीं है। राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की सभा में सचिन पायलट जिंदाबाद के नारे लगाए गए। इतना ही नहीं, गहलोत के मंत्री अशोक चांदना पर पायलट समर्थकों ने जूते-चप्पल भी फेंके। इसके बाद सीएम गहलोत ने पायलट जिंदाबाद का नारा लगाने वालों को जेल भेजने की धमकी दी।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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