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संसद में चर्चा के दौरान मुस्लिम नेता का जिक्र, सफेद टोपी वाले सांसद ने गर्भवती महिला MP के पेट पर मारी लात: हुई जेल, देखिए Video

विपक्षी सांसदों ममदौ नियांग और मसाटा सांब ने सत्ताधारी पार्टी की महिला सांसद एमी नदिये के साथ हाथापाई की थी। वे विपक्ष समर्थक एक मुस्लिम नेता पर टिप्पणी किए जाने से नाराज थे।

पश्चिमी अफ्रीकी देश सेनेगल में गर्भवती महिला सांसद के साथ हाथापाई करने और पेट में लात मारने के आरोप में दो सांसदों को 6 महीने की सजा सुनाई गई है। इसके अलावा, दोषी सांसदों को सरकारी खजाने में जुर्माना और पीड़ित सांसद को मुआवजा भी देना होगा।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, 1 दिसंबर 2022 को सेनेगल की संसद में न्याय मंत्रालय के बजट पर बहस चल रही थी। इसी दौरान विपक्षी सांसदों ममदौ नियांग और मसाटा सांब ने सत्ताधारी पार्टी की महिला सांसद एमी नदिये के साथ हाथापाई। जवाब में जब नदिये ने कुर्सी फेंकी तो सफेद टोपी में दिख रहे सांसद ने उनके पेट पर लात मार दी। आप नीचे इसका वीडियो देख सकते हैं। नियांग और सांब चर्चा के दौरान एक प्रभावशाली मुस्लिम नेता की चर्चा से नाराज थे। यह मुस्लिम नेता संसद के सदस्य नहीं है, लेकिन विपक्ष के समर्थक हैं।

संसद में गर्भवती महिला सांसद के साथ हुई इस घटना की हर तरफ निंदा हुई थी। वीडियो सामने आने के बाद लोग महिलाओं अधिकारों के बारे में भी बात कर रहे थे। अब नियांग और साब को नदिए को 8100 डॉलर का मुआवजा देने का आदेश दिया गया है।

संसद सत्र के दौरानगर्भवती महिला सांसद पर हुए इस हमले की सुनवाई 19 दिसंबर 2022 से शुरू हुई थी। अब सांसदों को दोषी ठहराते हुए 6 महीने की सजा सुनाई गई है। सजा के अलावा दोनों सांसदों को 1 लाख सीएफए फ्रैंक (करीब 13400 रुपए) बतौर जुर्माना और 5 मिलियन सीएफए फ्रैंक (करीब 673400 रुपए) बतौर मुआवजा भरना पड़ेगा।

इस घटना का वीडियो सामने आने के बाद पूरी दुनिया में सांसदों के इस कृत्य की आलोचना हो रही है। लोग इसे महिलाओं की सुरक्षा से लेकर घरेलू हिंसा तक से जोड़ कर देख रहे हैं।

मारपीट होने के बाद एमी नदिये बेहोश हो गईं थीं। उन्हें हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया था। नदिये के वकील बाबूकर सिसे का कहना है कि वह गर्भवती थीं और उन्हें इस बात का डर था कि वह अपने बच्चे को खो सकती हैं। उन्हें हॉस्पिटल से छुट्टी मिल गई है। लेकिन अब भी वह बेहद कठिन स्थिति से गुजर रहीं हैं। एक ओर जहाँ घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है। वहीं, दोषी ठहराए गए सांसदों के वकीलों ने कोर्ट में कहा था कि दोनों सांसदों ने महिला पर हमला नहीं किया था।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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