ऑस्ट्रिया में 14 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए सोशल मीडिया पर बैन की तैयारी, उप-चांसलर ने दी जानकारी: जानें और कौन से देश उठा रहे हैं ऐसे कदम

ऑस्ट्रिया सरकार 14 साल से कम उम्र के बच्चों के लिए सोशल मीडिया पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने की तैयारी कर रही है। उप-चांसलर एंड्रियास बाबलर ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में इस फैसले की घोषणा करते हुए कहा कि सरकार अब बच्चों को सोशल मीडिया की लत और मानसिक स्वास्थ्य समस्याओं से बचाने के लिए सक्रिय कदम उठा रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह कदम युवा पीढ़ी को डिजिटल दुनिया की नकारात्मक प्रभावों से सुरक्षा प्रदान करेगा।

उप-चांसलर एंड्रियास बाबलर ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि सरकार अब मूकदर्शक की तरह बच्चों को सोशल मीडिया की लत लगते या उन्हें मानसिक रूप से बीमार होते नहीं देख सकती। इस प्रतिबंध का प्राथमिक उद्देश्य बच्चों को अत्यधिक स्क्रीन टाइम और हानिकारक एल्गोरिदम से बचाना है।

सरकार ने इस प्रतिबंध को प्रभावी बनाने के लिए आधुनिक तकनीकी समाधान विकसित करने का फैसला किया है। इसमें ऐसे सिस्टम शामिल होंगे जो यूजर्स की पहचान उजागर किए बिना उनकी सही उम्र का पता लगा सकेंगे। यह तकनीक निजता और सुरक्षा के बीच संतुलन बनाने का काम करेगी।

कई अन्य देशों में इसी तरह का कदम उठाने की तैयारी

ऑस्ट्रिया अब ऑस्ट्रेलिया, फ्रांस और स्पेन जैसे देशों की कतार में शामिल हो गया है जहाँ बच्चों के लिए सोशल मीडिया प्रतिबंध लागू या प्रस्तावित हैं। ऑस्ट्रेलिया पहले ही 16 साल से कम उम्र के बच्चों पर प्रतिबंध लगा चुका है। फ्रांस सितंबर से 15 साल से कम उम्र के बच्चों पर बैन लागू करने जा रहा है।

इंडोनेशिया में शनिवार (28 मार्च 2026) से इसी तरह का प्रतिबंध प्रभावी हो रहा है जबकि स्पेन और डेनमार्क भी 15-16 साल की आयु सीमा तय करने की योजना बना रहे हैं। वैश्विक स्तर पर युवाओं के डिजिटल स्पेस को नियंत्रित करने का यह ट्रेंड तेजी से बढ़ रहा है।

शिक्षा में होगा AI का इस्तेमाल

केवल प्रतिबंध ही समाधान नहीं है इसलिए ऑस्ट्रिया सरकार स्कूलों में मीडिया साक्षरता और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के सही उपयोग की शिक्षा को मजबूत करेगी। इसका उद्देश्य बच्चों को तकनीक का गुलाम बनाने के बजाय समझदार यूजर बनाना है। इस पूरे कदम से उम्मीद है कि युवा पीढ़ी स्वस्थ और जागरूक डिजिटल नागरिक बनेगी।