बिहार में छात्रा के गैंगरेप-हत्या मामले में सारण पुलिस ने जारी किया बयान, जानें- पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट पर क्या बताया?

बिहार के सारण में 10वीं कक्षा की छात्र के गैंगरेप-हत्या केस में पुलिस ने विस्तृत बयान जारी किया है। पीड़िता की माँ ने गाँव के 5 युवकों पर बच्ची का गैंगरेप कर उसे कुएँ में फेंकने का आरोप लगाया था। छात्रा की बीते बुधवार (11 मार्च 2026) को हत्या हुई थी जिसके बाद उसके शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया था। पुलिस ने पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट की जानकारी भी साझा की है।

सारण पुलिस ने रविवार (15 मार्च 2026) को जारी विज्ञप्ति में बताया है कि बुधवार को करीब 16:45 बजे डेरनी थानाध्यक्ष को सूचना मिली कि एक नाबालिग लड़की की मृत्यु संदिग्ध परिस्थिति में हुई है।

पुलिस ने कहा, “थानाध्यक्ष के घटनास्थल पर पहुँचने से पूर्व स्थानीय ग्रामीणों द्वारा शव को कुएँ से निकालकर किनारे रख दिया गया था। मृतका की माँ और एक ग्रामीण ने बताया कि लड़की की मृत्यु कुएँ में धकेले जाने के कारण हुई है। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम हेतु छपरा भेजा गया।”

पुलिस ने बताया है कि जाँच के दौरान घटनास्थल से लगभग 30 फीट दूरी पर रहने वाली ग्रामीण महिला ने बताया कि मृतका की माँ ने उन्हें फोन कर पूछा कि क्या उनकी बेटी वहाँ है और इस पर उन्होंने जाकर देखा तो बताया कि लड़की वहाँ आई हुई है। पुलिस ने कहा, “इसके बाद मृतका की माँ और उसकी बहन वहाँ पहुँचीं, जहाँ टूटे हुए घर में कमल माँझी उर्फ राजकिशोर माँझी का पुत्र एवं उसकी लड़की मौजूद थे। कुछ ही देर में अन्य ग्रामीण भी वहाँ एकत्रित हो गए। इसी दौरान आपाधापी की स्थिति में पकड़ा गया आरोपी वहाँ से भाग गया जिसके बाद लड़की कुएँ में कैसे गिरी यह स्पष्ट नहीं हो सका।”

इस मामले में पुलिस ने मुख्य नामजद आरोपित युवराज कुमार को गिरफ्तार कर लिया है। पूछताछ के दौरान आरोपित ने स्वीकार किया है कि घटना के समय वह घटनास्थल पर मौजूद था। उसने पुलिस को बताया कि वह और मृत छात्रा एक ही गाँव के रहने वाले थे। दोनों एक-दूसरे को पहले से जानते थे और इंस्टाग्राम के जरिए अक्सर बातचीत भी करते थे। घटना वाले दिन भी दोपहर में दोनों के बीच बातचीत हुई थी।

पुलिस ने बताया कि छात्रा की पोस्टमार्टम रिपोर्ट भी सामने आ गई है। छपरा के सदर अस्पताल की ओर से 14 मार्च 2026 को जारी रिपोर्ट में मृतका के शरीर पर किसी तरह की बाहरी चोट नहीं पाई गई है। डॉक्टरों के मुताबिक, छात्रा की मौत पानी में डूबकर दम घुटने (अस्फिक्सिया) के कारण हुई है। पोस्टमार्टम के दौरान छात्रा का वजाइनल स्वैब भी लिया गया था। इसकी जाँच RR लैबोरेटरी में की गई। रिपोर्ट के मुताबिक, जाँच में कोई भी स्पर्म (न जीवित और न ही मृत) नहीं पाया गया है।

हालाँकि, मामले की आगे की जांच के लिए कुछ अन्य सैंपल भी सुरक्षित किए गए हैं। इनमें ‘वजाइनल स्वैब, प्यूबिक हेयर, खून, नाखून और कपड़ों के सैंपल’ शामिल हैं। इन सभी सैंपलों को आगे की जाँच के लिए फॉरेंसिक साइंस लैब (FSL), मुजफ्फरपुर भेजने की प्रक्रिया चल रही है। पुलिस का कहना है कि एफएसएल की रिपोर्ट आने के बाद मामले में और स्पष्ट जानकारी सामने आ सकेगी।