वित्त मंत्री ने 'महात्मा गाँधी ग्राम स्वराज योजना' और 'राष्ट्रीय फाइबर योजना' का ऐलान किया। सरकार ने कहा कि इन दोनों योजनाओं का उद्देश्य ग्रामीण स्तर पर कपड़ा उद्योग और हैंडलूम को पहचान देनी है।
खादी के मास्कों के उत्पादन में गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा और ये सारे न सिर्फ़ 2-3 लेयर के होंगे बल्कि इन्हें दो-दो की पैकिंग में उपलब्ध कराया जाएगा। कोरोना के अलावा अन्य बीमारियों से बचाव में भी इसका उपयोग होगा, जो वायरस से होते हैं। इसकी कीमत मात्र 20 रुपए होगी।