घटिया है पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान, आतंकवाद बढ़ाएगा तो हम चुप नहीं रहेंगे: विदेश मंत्री एस जयशंकर का ‘आतंकिस्तान’ को जवाब- आतंकियों को पाला तो नहीं देंगे पानी

भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर ने शुक्रवार (2 जनवरी 2025) को पाकिस्तान पर तीखा हमला बोलते हुए उसे आतंकवाद को बढ़ाने वाला मुल्क करार दिया है। चेन्नई स्थित इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (IIT) मद्रास में छात्रों से संवाद के दौरान जयशंकर ने कहा कि पाकिस्तान खराब पड़ोसी देश है। यदि कोई पड़ोसी देश जानबूझकर, लगातार और बिना किसी पछतावे के आतंकवाद को बढ़ावा देता है, तो भारत को अपने नागरिकों की रक्षा करने का पूरा अधिकार है।

उन्होंने दो टूक कहा कि भारत इस अधिकार का इस्तेमाल करेगा और इस पर किसी बाहरी दबाव या सलाह को स्वीकार नहीं करेगा।

जयशंकर का यह बयान ऐसे समय में आया है, जब अप्रैल 2025 में जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद भारत-पाकिस्तान संबंधों में भारी तनाव देखने को मिला था। इस हमले की जिम्मेदारी पाकिस्तान स्थित आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा के प्रॉक्सी संगठन द रेजिस्टेंस फ्रंट (TRF) ने ली थी। इसके जवाब में भारत ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के तहत पाकिस्तान और पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (PoK) में आतंकी ठिकानों पर कार्रवाई की थी।

जयशंकर ने पाकिस्तान से क्या कहा

विदेश मंत्री ने बिना पाकिस्तान का नाम लिए स्पष्ट संकेतों में कहा कि भारत को ऐसे पड़ोसियों का सामना करना पड़ता है, जो आतंकवाद को राज्य की नीति की तरह इस्तेमाल करते हैं। उन्होंने कहा, “जब आपके पास बुरा पड़ोसी होता है और वह लगातार आतंकवाद को बढ़ावा देता है, तो हमें अपने लोगों की रक्षा करने का अधिकार है। हम उस अधिकार का प्रयोग करेंगे। हम कैसे करेंगे, यह हम तय करेंगे। कोई हमें यह नहीं बता सकता कि हमें क्या करना चाहिए या क्या नहीं।”

सिंधु जल समझौते पर बात करते हुए जयशंकर ने कहा कि जल बंटवारे जैसे समझौते अच्छे पड़ोसी संबंधों पर आधारित होते हैं। यदि दशकों तक आतंकवाद चलता रहा, तो अच्छे पड़ोसी वाले रिश्ते नहीं रह सकते। उन्होंने कहा, “आप यह नहीं कह सकते कि हमें पानी भी दो और हमारे खिलाफ आतंकवाद भी चलता रहे। ये दोनों बातें एक साथ नहीं चल सकतीं।”

जयशंकर के इस बयान को भारत की कड़ी आतंकवाद विरोधी नीति और पाकिस्तान को स्पष्ट संदेश के तौर पर देखा जा रहा है कि राष्ट्रीय सुरक्षा के मुद्दे पर कोई समझौता नहीं किया जाएगा।