लखनऊ में सरकारी जमीन पर बनी थी मस्जिद, प्रशासन ने बुलडोजर चलाकर 1 घंटे में ढहाई: 6 दिन पहले हाई कोर्ट ने दिए थे हटाने के आदेश

उत्तर प्रदेश के लखनऊ में प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए सरकारी जमीन पर बनी मस्जिद को बुलडोजर से ध्वस्त कर दिया है। यह कार्रवाई गुरुवार (02 अप्रैल 2026) तड़के सुबह 4 बजे भारी पुलिस बल और प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में की गई।

मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, बक्शी का तालाब (BKT) इलाके में बस्ती गाँव में स्थित मस्जिद को ढहाने प्रशासन की टीम सुबह 3 बजे बुलडोजर लेकर पहुँची। एक घंटे के भीतर मस्जिद को जमींदोज कर दिया गया। इसके बाद मलबा हटाया गया।

हाई कोर्ट की लखनऊ बेंच के आदेश पर प्रशासन ने यह कार्रवाई की। कोर्ट ने 6 दिन पहले ही मस्जिद हटाने के आदेश दिए थे। स्थानीय लोगों का दावा है कि मस्जिद 60 साल पहले बनी थी। वहीं प्रशासन का कहना है कि मस्जिद सरकारी जमीन पर कब्जा करके बनाई गई थी।

पूरा मामला क्या है?

यह मामला साल 2024 से शुरू हुआ। जब BKT तहसीलदार ने मस्जिद को अवैध बताकर नोटिस जारी किया, जिसमें कहा गया कि यह जमीन खलिहान की है जिस पर अवैध तरीके से मस्जिद बनाई गई है। नोटिस को मोहम्मद साहिबाद और लाल मोहम्मद ने चुनौती दी।

मामला ADM कोर्ट तक पहुँचा, जहाँ कोर्ट ने मस्जिद पक्ष की याचिका खारिज कर दी। इसके बाद हाई कोर्ट में सुनवाई हुई। हाई कोर्ट की लखनऊ बेंच ने 25 मार्च 2026 को याचिका को बेबुनियाद बताते हुए खारिज कर दिया। इसके बाद प्रशासन ने 31 मार्च 2025 को नोटिस जारी कर कब्जा हटाने का निर्देश दिया।

लेकिन तय समय में मस्जिद नहीं हटाई गई, इसीलिए प्रशासन ने बुलडोजर कार्रवाई की। तहसीलदार शरद कुमार ने बताया कि सरकारी खलिहान पर मस्जिद बनाई गई थी। 36 हजार रुपए का जुर्माना भी लगाया गया था, लेकिन हाई कोर्ट ने इसे निरस्त कर दिया।