पश्चिम बंगाल के मालदा में बढ़ा हिंसा का दायरा, हाईवे खुलवाने पहुँची पुलिस पर भी हमला: गाड़ियों को लगाई आग, SIR के विरोध के नाम पर फैल रहा उपद्रव

पश्चिम बंगाल के मालदा जिले में गुरुवार (2 अप्रैल 2026) को हिंसा और प्रदर्शन ने एक बार फिर हालात को बिगाड़ दिया। यहाँ उग्र भीड़ के पथराव और तोड़फोड़ के बीच एक पुलिस वाहन को निशाना बनाया गया और उसे क्षतिग्रस्त कर दिया गया। इस घटना में ड्राइवर को भी गंभीर चोटें आईं हैं।

विशेष गहन मतदाता पुनरीक्षण (SIR) के दौरान वैध मतदाताओं के नाम काटे जाने के आरोपों को लेकर शुरू हुआ विरोध अब लगातार उग्र रूप लेता जा रहा है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, सुबह से ही ओल्ड मालदा के नारायणपुर इलाके में सैकड़ों प्रदर्शनकारी सड़कों पर उतर आए और जाम लगा दिया।

इसके साथ ही इंग्लिशबाजार के यादुपुर क्षेत्र में भी लोगों ने हाथों में राष्ट्रीय झंडा लेकर विरोध प्रदर्शन किया। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि वोटर लिस्ट से उनके नाम गलत तरीके से हटाए जा रहे हैं। मालदा में स्थिति को संभालने के लिए पुलिस और केंद्रीय बलों को मौके पर तैनात किया गया, लेकिन यादुपुर बाईपास पर पुलिस के पहुँचते ही भीड़ और आक्रामक हो गई।

इससे एक दिन पहले सुजापुर में नेशनल हाईवे-12 को घंटों जाम रखा गया था और कालियाचक क्षेत्र के एक BDO कार्यालय में 7 न्यायिक अधिकारियों को करीब 8 घंटे तक बंधक बनाकर रखे जाने की घटना भी सामने आई थी। फिलहाल प्रशासन अलर्ट पर है और इलाके में तनाव बना हुआ है।