जम्मू-कश्मीर में आतंकी हमलों को लेकर खुफिया एजेंसियों ने अलर्ट जारी किया है। जानकारी मिली है कि लेबनान के आतंकी संगठन ‘हिजबुल्लाह’ की तर्ज पर यहाँ ड्रोन और आत्मघाती (सुसाइड) हमलों की साजिश रची जा रही है।
सुरक्षा एजेंसियों के मुताबिक, लेबनान का एक संदिग्ध आतंकी शादाब बाजी 3 पाकिस्तानी आतंकियों के साथ पाकिस्तान के रास्ते भारत में घुस चुका है। शक है कि ये आतंकी कश्मीर में छह सैन्य ठिकानों पर बड़े हमले की तैयारी में हैं।
पुंछ के रास्ते भारत में घुसे चार खतरनाक आतंकी
दैनिक भास्कर की रिपोर्ट के मुताबिक, इन आतंकियों ने पुंछ के गगरिया और कुंडे नाला इलाके से भारत में घुसपैठ की है। यह पूरा इलाका घने जंगलों और पहाड़ी रास्तों से घिरा हुआ है। आतंकियों की लिस्ट में लेबनान के शादाब बाजी के अलावा पाकिस्तान का जाकिर खान, जुल्फखान शिकारी और पीओके का मीर हमजा शामिल हैं। ये सभी आतंकी जैश और लश्कर के हाइब्रिड मॉडल पर काम कर रहे हैं।
लोकल गाइड कर रहे हैं आतंकियों की मदद
जाँच एजेंसियों को पता चला है कि जम्मू के रियासी जिले के दो स्थानीय गाइड इन आतंकियों की मदद कर रहे हैं। ये गाइड आतंकियों को जंगलों के रास्ते दिखाने के साथ-साथ रहने और खाने का सामान भी दे रहे हैं। पीर पंजाल रेंज के काजीगुंड और देवसर इलाके में भी इन संदिग्धों की हलचल देखी गई है।
स्थानीय युवाओं के ब्रेनवॉश की बड़ी साजिश
खुफिया रिपोर्ट में ISI समर्थित आतंकी शहजाद भट्टी का नाम भी सामने आया है। वह दुबई में बैठकर जम्मू-कश्मीर और पंजाब के युवाओं का ब्रेनवॉश कर रहा है। वह युवाओं को ग्रेनेड हमलों के लिए तैयार कर रहा है। हाल ही में महाराष्ट्र ATS ने उसके इस बड़े नेटवर्क का पर्दाफाश किया था।
सैन्य ठिकानों की रेकी और ड्रोन हमलों का खतरा
आशंका है कि लेबनान का आतंकी शादाब बाजी यहाँ के स्थानीय आतंकियों को ड्रोन चलाने और सुसाइड अटैक की ट्रेनिंग देगा। इसी बीच लश्कर-ए-तैयबा ने भी अपने ओवर ग्राउंड वर्कर (OGW) नेटवर्क को एक्टिव कर दिया है। यह नेटवर्क सेना के ठिकानों और वहाँ की सुरक्षा व्यवस्था की जासूसी करने में जुटा है। सुरक्षा एजेंसियाँ अब इस पूरे नेटवर्क पर कड़ी नजर रख रही हैं।

