बंगाल में संदेशखाली के विलेन शेख शाहजहाँ के बाद एक और दरिंदा सामने आया है। TMC नेता रबीउल इस्लाम पर महिलाओं को बंधक बनाकर उनका जिस्म लूटने और करोड़ों का साम्राज्य खड़ा करने का आरोप है। पुलिस ने इस हैवान को बांग्लादेश भागते समय बॉर्डर पर दबोचा।
न्यूज18 की रिपोर्ट के मुताबिक, उत्तर 24 परगना के देगंगा से इस TMC नेता की काली करतूत बाहर आई है। आरोप है कि रबीउल इस्लाम ने 100 बीघे की जमीन पर अपना एक आलीशान गार्डन हाउस बना रखा था।
वह गरीब महिलाओं को रात के अँधेरे में वहाँ मछली तलने और खाना बनाने के बहाने बुलाता था। वहाँ पहुँचने के बाद महिलाओं को बंधक बना लिया जाता था। फिर रबीउल और उसके गुर्गे उनके साथ अमानवीय अत्याचार करते थे। इलाके में इसका इतना खौफ था कि पीड़ित परिवार डर के मारे मुँह नहीं खोलते थे।
#WatchNow: দেগঙ্গায় গ্রেফতার তৃণমূল নেতা রবিউল ইসলাম। ভাঙচুর, তোলাবাজি-সহ একাধিক অভিযোগ তাঁর বিরুদ্ধে।
— TV9 Bangla (@Tv9_Bangla) June 6, 2026
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मजदूर से करोड़पति बनने का खूनी सफर
रबीउल इस्लाम के अपराध और रसूख की कहानी बेहद चौंकाने वाली है। साल 2011 से पहले रबीउल एक साधारण दिहाड़ी मजदूर था। वह दो वक्त की रोटी के लिए तरसता था। लेकिन सत्ता का हाथ मिलते ही वह देगंगा पंचायत समिति में वन एवं भूमि विभाग का बड़ा अफसर बन बैठा। इसके बाद उसने सरकारी पैसों और पेड़ों को लूटकर अपना 10 करोड़ का अय्याशी का अड्डा तैयार किया।
पुलिस को ठेंगा, फिर भागते हुए दबोचा गया
रबीउल ने अपने राजनीतिक रसूख के दम पर लंबे समय तक कानून की धज्जियाँ उड़ाईं। उसके खिलाफ जबरन वसूली और महिला उत्पीड़न के कई केस थाने पहुँचे, लेकिन पुलिस हाथ डालने से डरती थी।
अब जब बीजेपी की सरकार आई, तब जाकर इस हवस के शिकारी पर शिकंजा कसा, और ये डरपोक अंडरग्राउंड हो गया। जान बचाकर सीमा पार बांग्लादेश भागने की फिराक में था। लेकिन बसिरहाट बॉर्डर पर मुस्तैद पुलिस ने उसकी चालाकी फेल कर दी और उसे सलाखों के पीछे भेज दिया।

