पाकिस्तान क्रिकेट टीम के ऑलराउंडर मोहम्मद नवाज पर इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) ने 3 महीने का बैन लगा दिया है। वजह बनी गाँजे से जुड़ा प्रतिबंधित पदार्थ Carboxy-THC, जो उनके डोप टेस्ट में पाया गया। मामला सामने आते ही सोशल मीडिया पर यह सवाल उठने लगा कि क्या नवाज टी-20 वर्ल्ड कप के दौरान गाँजा पीकर मैच खेल रहे थे?
ICC के मुताबिक, मोहम्मद नवाज का सैंपल 2026 टी-20 वर्ल्ड कप के दौरान पाकिस्तान और नीदरलैंड्स के बीच खेले गए मुकाबले के बाद लिया गया था। जाँच में उनके शरीर में Carboxy-THC नाम का कैनबिस (गाँजा) का मेटाबोलाइट मिला, जो ICC और WADA के एंटी-डोपिंग नियमों के तहत Substance of Abuse की श्रेणी में आता है।
हालाँकि, ICC ने कहा कि जाँच के दौरान नवाज ने यह स्वीकार किया कि उन्होंने गाँजा का सेवन ‘खेल में प्रदर्शन बढ़ाने के लिए नहीं’ बल्कि प्रतियोगिता से बाहर किया था। यानी उनके खिलाफ प्रदर्शन बढ़ाने वाली ड्रग लेने का मामला नहीं बना। इसी वजह से नवाज को कम सजा भी मिली।
ICC ने नवाज पर 3 महीने का बैन लागू किया, लेकिन यह सजा 1 मई 2026 से प्रभावी मानी गई क्योंकि उसी दिन से उन्होंने अपनी मर्जी से अस्थायी निलंबन स्वीकार कर लिया था। इसके अलावा नवाज ने Substance Abuse Rehabilitation Programme भी पूरा करने पर सहमति जताई। लगभग ढाई महीने का समय पूरा होने के बाद नवाज का अस्थायी निलंबन हटा दिया गया।
इस बैन का बड़ा असर नवाज के रिकॉर्ड पर भी पड़ा। ICC ने 7 फरवरी से 1 मई 20266 के बीच नवाज के सभी मैचों के व्यक्तिगत प्रदर्शन अमान्य (Disqualified) कर दिया। इसमें टी-20 वर्ल्ड कप के मुकाबले भी शामिल हैं। वर्ल्ड कप में नवाज ने पाकिस्तान के सातों मैच खेले थे, जिनमें नवाज ने 15 रन बनाए और 7 विकेट लिए थे। अब ये व्यक्तिगत आँकड़े आधिकारिक रिकॉर्ड का हिस्सा नहीं माने जाएँगे।

