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कॉन्ग्रेस-JDS नेताओं के ठिकानों पर चुनाव आयोग, IT विभाग और ED का छापा, मिले सोने के बर्तन

कुमारस्वामी ने कहा कि लोकसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे को उनकी योग्यता और कार्यों के हिसाब से कॉन्ग्रेस में उचित सम्मान नहीं दिया गया। खड़गे के साथ अन्याय हुआ, वरना उन्हें बहुत समय पहले ही मुख्यमंत्री बन जाना चाहिए था।

कर्नाटक में चुनाव आयोग, इनकम टैक्स और प्रवर्तन निदेशालय के अधिकारियों ने कॉन्ग्रेस-जेडीएस नेताओं के ठिकानों पर छापा मारा है। चुनाव आयोग के सर्च स्क्वाड ने आयकर विभाग और प्रवर्तन निदेशालय के अधिकारियों की मदद से इस छापेमारी को अंजाम दिया। मंगलवार (मई 14, 2019) को हुबली के 2 होटलों में छापेमारी की गई। इन होटलों में कॉन्ग्रेस के वरिष्ठ नेता और सिंचाई मंत्री डीके शिवकुमार सहित कई बड़े नेता ठहरे हुए थे। इनमें से अधिकतर राज्य की गठबंधन के विधायक थे। छापेमारी के दौरान सोने के महंगे बर्तनों सहित कई अन्य सामग्रियाँ भी ज़ब्त की गई। रिपोर्ट्स के अनुसार, ये सामग्रियाँ कुंदगोल सीट पर होने वाले उपचुनाव में मतदाताओं को रिश्वत देने के लिए जुटाई गई थी।

यह सीट कुछ ही दिनों पहले तत्कालीन विधायक सीएस शिवली के निधन के बाद खाली हुई। कॉन्ग्रेस ने दिवंगत विधायक की पत्नी कुसुमवती को टिकट दिया है। कुंदगोल और एक अन्य विधानसभा सीट चिंचोली पर उपचुनाव में 19 मई को लोकसभा चुनाव के सातवें और आख़िरी चरण के साथ ही मतदान संपन्न कराया जाएगा। कहा जा रहा है कि इसी चुनाव में मतदाताओं को लुभाने के लिए रिश्वत का इंतजाम किया गया था। सूचना मिलने के बाद अधिकारियों ने छापेमारी की। अमर उजाला और मनीकण्ट्रोल की ख़बरों के मुताबिक़, कॉन्ग्रेस नेताओं के कमरों से सोने के बर्तनों के अलावा पार्टी की टोपियाँ व दिवंगत विधायक के फोटोग्राफ्स बरामद किए गए।

कॉन्ग्रेस नेता चंद्रशेखर गोकावी के ख़िलाफ़ आदर्श आचार संहिता के उल्लंघन का मामला दर्ज कर लिया गया है। मंत्री डीके शिवकुमार ने इस छापेमारी की पुष्टि करते हुए बताया कि अधिकारियों द्वारा उनके कमरे की तलाशी ली गई है। 2 होटलों में हुई छापेमारी के दौरान एक होटल में इसे ज़ल्दी समाप्त कर दिया गया जबकि दूसरे होटल में यह प्रक्रिया काफ़ी लम्बी चली। डीके शिवकुमार ने बताया कि उनके अलावा कॉन्ग्रेस के अन्य कैडरों के कमरों की भी तलाशी ली गई है। चुनाव में कदाचार की सूचना मिलने के बाद यह छापेमारी की गई।

उधर कर्नाटक के मुख्यमंत्री एचडी कुमारस्वामी ने एक बार फिर कॉन्ग्रेस पर निशाना साधा। कुमारस्वामी ने कहा कि लोकसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे को उनकी योग्यता और कार्यों के हिसाब से उनकी पार्टी में उचित सम्मान नहीं दिया गया। कुमारस्वामी ने कहा कि उनकी नज़र में खड़गे के साथ अन्याय हुआ, वरना उन्हें बहुत समय पहले ही मुख्यमंत्री बन जाना चाहिए था। कुमारस्वामी अक़्सर किसी न किसी बहाने से अपने गठबंधन साथी कॉन्ग्रेस पार्टी को घेरते रहते हैं। उन्होंने चिंचोली में सभा के दौरान ये बातें कही।

‘द हिन्दू’ की ख़बर के अनुसार, भाजपा और कॉन्ग्रेस की तरफ़ से लगातार बढ़ रहे दबाव के बीच कुमारस्वामी 23 मई को मतगणना के बाद या तो विधानसभा भंग करने की सिफारिश कर सकते हैं या भाजपा से हाथ मिला सकते हैं क्योंकि कॉन्ग्रेस अब मुख्यमंत्री का पद ख़ुद रख कर जेडीएस को उप-मुख्यमंत्री का पद देना चाहती है। पूर्व मुख्यमंत्री व भाजपा नेता येदिदुरप्पा यह साफ़ कर चुके हैं कि कॉन्ग्रेस के कई नाराज़ विधायक उनके संपर्क में हैं और वे सरकार बनाने का एक और प्रयास कर सकते हैं। वहीं पूर्व मुख्यमंत्री व कॉन्ग्रेस के वरिष्ठ नेता सिद्दारमैया गुट के विधायकों ने भी अपने नेता को मुख्यमंत्री के रूप में देखने की बात कही है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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