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अफगानिस्तान पर भारत की जीत को पचा नहीं पाईं The Print की पत्रकार, सोशल मीडिया पर उगला जहर

"हर अफगानी विकेट गिरने पर भारतीय जिस तरह से जश्न मना रहे हैं, उससे ऐसा प्रतीत हो रहा है, जैसे मैच अफगानिस्तान के साथ नहीं, बल्कि पाकिस्तान के साथ खेला जा रहा है।"

वर्ल्ड कप में भारत-अफगानिस्तान क्रिकेट मैच के दौरान ‘द प्रिंट’ की पत्रकार ज्योति मल्होत्रा ने क्रिकेट को लेकर अपनी ‘विशेषज्ञता’ का प्रदर्शन किया। पड़ोसी मुल्क अफगानिस्तान पर भारत की रोमांचक जीत से जहाँ पूरा हिंदुस्तान बेहद खुश था तो वहीं, ज्योति काफी क्षुब्ध और व्यथित लग रही थीं। भारतीय टीम की जीत के बाद उन्होंने क्रिकेट के ज्ञान का प्रदर्शन करते हुए भारतीय टीम पर स्पोर्टमैनशिप न दिखाने का आरोप लगा दिया।

मैच तो खैर मैच ही था – एकदम रोमांचक! इसे जीतने के लिए दोनों देशों ने अपनी पूरी ताकत झोंंक दी। दोनों टीम ने खेल भावना के साथ पूरे जोश से खेला। अंत समय तक दोनों टीम के बीच काफी कड़ी टक्कर देखने को मिली, जिसके लिए दोनों देशों के फैंस ने टीम की सराहना भी की। भारतीय भी अपनी पड़ोसी देश की टीम के लिए खुश थे और उन्होंने अफगानिस्तान टीम द्वारा किए गए प्रदर्शन के लिए उसकी प्रशंसा भी की। हालाँकि, ज्योति मल्होत्रा जैसी ‘शांतिप्रिय’ लुटियन पत्रकार भारत की जीत के बाद बेहद परेशान लग रही थीं और उन्होंने अपनी निराशा और भड़ास को दूर करने के लिए ट्विटर का सहारा लिया। उन्होंने इस बारे में ट्वीट करते हुए खासकर भारतीय कप्तान विराट कोहली पर निशाना साधा।

अफगानी क्रिकेटर राशिद खान के आउट होने पर भारतीय टीम द्वारा जश्न मनाने के तरीके को लेकर ज्योति मल्होत्रा ने ट्वीट करते हुए लिखा, “हर अफगानी विकेट गिरने पर भारतीय जिस तरह से जश्न मना रहे हैं, उससे ऐसा प्रतीत हो रहा है, जैसे मैच अफगानिस्तान के साथ नहीं, बल्कि पाकिस्तान के साथ खेला जा रहा है।” ज्योति के ट्वीट से ऐसा लग रहा है जैसे वो चाहती थीं कि भारत अफगानिस्तान को आसानी से जीतने दे दे। शायद वो ये नहीं जानतीं कि भले ही भारत और अफगानिस्तान एक दूसरे के अच्छे पड़ोसी देश हैं, लेकिन इसका ये मतलब नहीं कि एक टीम दूसरे टीम को आसानी से जीतने दे। खेल में कोई भी टीम जीत की मंशा से मैदान पर उतरता है और आखिरी गेंद तक जीतने की कोशिश करता है।

यहाँ पर ये पेचीदा सा लगता है कि लिबरल्स जहाँ एक ओर राजनीति को खेल से बाहर रखने की बात करते हैं, वहीं भारत-अफगानिस्तान मैच में उनके लिए ये सब मायने रखता है। मल्होत्रा ने भारतीय कप्तान विराट कोहली पर कटाक्ष करते हुए कहा कि उन्हें अफगानी टीम से ये सीखना चाहिए कि फाइटर अंत तक हार नहीं मानते हैं। इसके साथ ही उन्होंने भारतीय क्रिकेटरों को स्पोर्ट्समैनशिप सिखाने के लिए अफगानी क्रिकेटर नबी का शुक्रिया भी अदा किया।

हालाँकि, लोग वास्तव में ये नहीं जान पा रहे हैं कि ज्योति किस बात पर नाराज थीं। उनके ट्वीट से केवल ये अनुमान लगाया जा सकता है कि उनको विराट कोहली के आक्रामक खेल से दिक्कत है और उसी को वो बुरी खेल भावना बता रही हैं। उन्होंने शमी के हैट्रिक लेने पर भी ट्वीट करते हुए लिखा कि अब क्या होगा। इससे पहले भी जब भारत ने पाकिस्तान को हराया था, तो कई लिबरल्स चाहते थे कि पाकिस्तान जीते, वो भी सिर्फ इसलिए कि वो ‘अति-राष्ट्रवाद’ को हारते हुए देखना चाहते थे।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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