‘जल्द शादी कर पैदा करें 2-3 बच्चे’, CM हिमंता बिस्वा शर्मा की असमिया युवाओं से अपील: कहा- ऐसा न करने पर स्थानीय लोग हो जाएँगे अल्पसंख्यक

असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा शर्मा ने गहरी चिंता जताते हुए कहा कि यदि असम में जनसंख्या वृद्धि की दर को नियंत्रित नहीं किया गया, तो मूल निवासी अल्पसंख्यक हो जाएँगे। उन्होंने युवाओं से जल्द शादी करने और बच्चे पैदा करने की अपील की। यह बात उन्होंने शुक्रवार (9 जनवरी 2026) को गुवाहाटी में असम डायरेक्ट रिक्रूटमेंट एग्ज़ामिनेशन (ADRE) के तहत ग्रेड 4 की 4,374 सरकारी नौकरियों के नियुक्ति पत्र वितरित करते समय कही।

मेरिट के आधार पर मिली नौकरी

यह कार्यक्रम खानापारा, गुवाहाटी में नव उद्घाटन हुए ज्योति-विश्व्नु ऑडिटोरियम में आयोजित किया गया, जिसकी क्षमता 5,000 सीटें है। 4,374 नियुक्ति पत्रों के वितरण के साथ ही हिमंता बिस्वा शर्मा सरकार ने अब तक 1.5 लाख से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी दे दी है, जबकि चुनाव के समय 1 लाख नौकरी देने का वादा किया गया था।

नई भर्तियों को बधाई देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि यह नौकरी मेरिट के आधार पर मिली है और इसके लिए किसी को रिश्वत नहीं देनी पड़ी। साथ ही उन्होंने असमियों की घटती संख्या पर गहरी चिंता जताई और कहा कि देर से शादी करने और कम बच्चों के कारण असमियों की संख्या घट रही है।

उन्होंने क्षेत्रीय अंतर की ओर भी ध्यान दिलाया की ऊपरी असम के जिलों जैसे डिब्रूगढ़ और शिवसागर में परिवारों में बच्चे कम हैं, जबकि (मुस्लिम बहुल) निचले असम के जिलों जैसे ढुबरी और गोआलपारा में कुछ परिवारों में 7-8 बच्चे हैं।

उन्होंने कहा, “देर से शादी करने से असमियों की संख्या घट रही है। आजकल असम के गाँवों में आप मुश्किल से बच्चों को देखेंगे। वहीं कुछ लोग हैं जिनके घर में आठ या नौ बच्चे हैं। लेकिन देर से शादी करने से हम कम होते जाएँगे और दुनिया से गायब हो जाएँगे।”

मुख्यमंत्री ने सीधे नए नियुक्त युवाओं से कहा कि जो अभी तक अविवाहित हैं, वे नौकरी ज्वाइन करने के एक साल के अंदर शादी कर लें और मुझे शादी का निमंत्रण कार्ड भेजें। जो पहले से विवाहित हैं लेकिन नौकरी की असुरक्षा के कारण बच्चे पैदा करने में देरी कर रहे हैं, उन्हें उन्होंने तुरंत एक या दो बच्चे पैदा करने की सलाह दी, क्योंकि अब उनकी नौकरी सुरक्षित है।

जनसंख्या संतुलन के लिए नए कर्मचारियों से अपील

मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा शर्मा ने कहा कि नौकरी पाने वालों को शादी में एक साल से अधिक देरी नहीं करनी चाहिए। उन्होंने कहा, “हमारे असमियों में लोग शादी 30 साल तक टाल देते हैं और जब बच्चे बड़े हो जाते हैं, तब रिटायरमेंट का समय आ जाता है।” उन्होंने चेतावनी दी कि यदि यह देरी जारी रही, तो आने वाले 20-50 वर्षों में असमियों की संख्या अल्पसंख्यक हो सकती है या वे पूरी तरह गायब भी हो सकते हैं।

मुख्यमंत्री ने असम के मूल निवासियों में संतुलित जनसंख्या वृद्धि की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कुछ क्षेत्रों में परिवारों में बच्चों की संख्या 2-3 तक सीमित रखने की भी अपील की, ताकि गरीबी और असंतुलन से बचा जा सके।

हिमंता बिस्वा शर्मा ने नई सरकारी नौकरी पाने वाले कर्मचारियों से कहा कि अपनी पहली तनख्वाह का कुछ हिस्सा अपने माता-पिता को उपहार देने में खर्च करें। साथ ही उन्होंने स्थानीय नामघर/मंदिर में हर साल कुछ दान देने की भी सलाह दी।

विशेष रूप से, आज उन्होंने ग्रेड IV की 4,374 नियुक्ति पत्रों के वितरण के बाद असम डायरेक्ट रिक्रूटमेंट एग्जामिनेशन (ADRE) के तहत ग्रेड III की 6,347 नियुक्ति पत्र भी वितरित किए। यह कार्यक्रम गुवाहाटी के सारुसजाई स्टेडियम में आयोजित किया गया।