लद्दाख में बुधवार (24 सितंबर 2025) को हुई हिंसक घटना के बाद पुलिस की कार्रवाई तेज हो गई है। शनिवार (27 सितंबर 2025) को हिंसा और आगजनी में वांछित 8 आरोपितों ने स्थानीय कोर्ट में सरेंडर कर दिया। इनमें लेह स्वायत्त पर्वतीय विकास परिषद के दो काउंसलर भी शामिल हैं।
जानकारी के अनुसार, 4 आरोपित पुलिस हिरासत में और 4 न्यायिक हिरासत में भेजे गए है। सरेंडर करने वालों में स्टैनजिन त्सेपाग और स्मानला दोरजे नोरबू शामिल हैं। दोनों लेह ऑटोनॉमस हिल डेवलपमेंट काउंसिल से जुड़े हैं। त्सेपाग वही शख्स है, जो हिंसा की वायरल वीडियो में नजर आया था। दूसरी ओर, दोरजे प्रेस कॉन्फ्रेंस में BJP दफ्तर जलाने की बात कहता दिखा था।
इन्होंने कोर्ट में कहा कि वे निर्दोष हैं और खुद सरेंडर करने आए हैं। पुलिस ने बताया कि बाकी आरोपितों की तलाश जारी है। हिंसा के दौरान BJP दफ्तर, हिल काउंसिल भवन और कई गाड़ियाँ जला दी गई थीं। चार लोगों की मौत हुई थी और 90 से ज्यादा घायल हुए थे।
इससे पहले शुक्रवार (26 सितंबर 2025) को सोनम वांगचुक को NSA के तहत हिरासत में लेकर जोधपुर जेल भेजा गया था। अब तक 39 लोग गिरफ्तार किए जा चुके हैं। लेह में अभी भी कर्फ्यू लगा हुआ है और सुरक्षा कड़ी है।

