उत्तर-पूर्वी दिल्ली के शास्त्री पार्क इलाके में देर रात एक बार फिर गैंगवार की आहट सुनाई दी। गैंगस्टर छेनू के करीबी गुर्गे वसीम की चाकुओं से गोदकर हत्या कर दी गई। हत्या की जिम्मदारी लॉरेंस बिश्नोई गैंग ने ली है। गैंग ने सोशल मीडिया पर दावा किया है कि यह हत्या दिल्ली के कुख्यात गैंगस्टर हाशिम बाबा के लिए करवाई गई, क्योंकि वसीम उसके खिलाफ लगातार बयानबाजी कर रहा था।
पहले भी चार बार हो चुका था वसीम पर जानलेवा हमला
शास्त्री पार्क निवासी वसीम पर यह पहला हमला नहीं था। इससे पहले उस पर चार बार जानलेवा हमले हो चुके थे। जून महीने में वेलकम इलाके में उसे गोलियाँ लगी थीं, लेकिन लंबा इलाज चलने के बाद वह बच गया था। इलाज के दौरान जीटीबी अस्पताल में भी बदमाशों ने उसे निशाना बनाने की कोशिश की, हालाँकि उस हमले में किसी और की जान चली गई। इसके अलावा भी वसीम पर दो बार गोली चलाई गई थी। लगातार हमलों के बावजूद वह हर बार बचता रहा, लेकिन इस बार किस्मत ने साथ नहीं दिया।
रात में हमला, भतीजों पर हत्या का आरोप
मंगलवार (29 दिसंबर 2025) की रात वसीम किसी काम से घर से निकला था। शास्त्री पार्क फ्लाईओवर लूप के पास उस पर चाकू से ताबड़तोड़ वार किए गए। गंभीर हालत में परिजन उसे अस्पताल लेकर पहुँचे, जहाँ डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
पुलिस जाँच में सामने आया कि इस हमले में उसके ही दो भतीजे शाकिर और इस्लाम उर्फ बॉर्डर शामिल थे। पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर हत्या में इस्तेमाल चाकू भी बरामद कर लिया। वसीम की बीवी ने भी सीधे तौर पर इन्हीं पर हत्या का आरोप लगाया है।
गैंग ने ली जिम्मेदारी तो बढ़ी जाँच की गंभीरता
मामले में नया मोड़ तब आया जब सोशल मीडिया पर लॉरेंस बिश्नोई गैंग की ओर से हत्या की जिम्मेदारी लेने का दावा सामने आया। पोस्ट में कहा गया कि वसीम गैंगस्टर हाशिम बाबा के खिलाफ बयानबाजी कर रहा था, इसी वजह से उसे रास्ते से हटाया गया।
पोस्ट में लिखा है, “यह कुत्ता सोशल मीडिया पे हाशिम भाई के बारे मैं बहुत भौंक रहा था इसलिए इसकी आवाज परमानेंट बंद कर दी। इस पर पहले भी 2 बारी अटैक लगाया था पर यह बच गया तो इस को लग रहा था की हम भूल गए इस को पर यह बात जितने भी हमारे दुश्मन है अपने जेहन मे डाल ले एक बारी अगर हम किसी के पीछे लग जाये तो उसके प्राण निकाल कर ही छोड़ते है।”

हालाँकि पुलिस पहले ही इसे आपसी रंजिश मानकर कार्रवाई कर चुकी है। अब सोशल मीडिया पोस्ट, कॉल डिटेल और जेल से जुड़े संभावित लिंक खंगाले जा रहे हैं। पुलिस का कहना है कि आने वाले दिनों में साफ हो जाएगा कि यह हत्या निजी दुश्मनी का नतीजा थी या किसी बड़े गैंगवार की।

