मस्जिद के बाहर 45 साल से पड़े थे पत्थर, पुलिस हटाने आई तो इस्लामी भीड़ ने किया हमला: पत्थरबाजी में 6 पुलिसकर्मियों का सिर फूटा, जयपुर के चौमू में इंटरनेट बंद

राजस्थान की राजधानी जयपुर से सटे चौमू कस्बे में गुरुवार (25 दिसंबर 2025) की रात अचानक हालात बिगड़ गए। बस स्टैंड इलाके में एक मस्जिद के बाहर पड़े पत्थरों को हटाने की कार्रवाई के दौरान शुरू हुआ विवाद इतना बढ़ गया कि मामला हिंसा और पथराव तक पहुँच गया। स्थिति को सँभालने के लिए पुलिस को सख्त कदम उठाने पड़े और प्रशासन ने एहतियातन इंटरनेट सेवाएँ भी बंद कर दीं।

कैसे शुरू हुआ विवाद?

मीडिया रिपोर्ट्स और पुलिस के अनुसार, चौमू बस स्टैंड के पास स्थित एक कलंदरी मस्जिद के बाहर सड़क किनारे करीब 45 सालों से पत्थर पड़े हुए थे। ट्रैफिक व्यवस्था को सुधारने के उद्देश्य से प्रशासन ने इन पत्थरों को हटाने का फैसला किया। इससे पहले प्रशासन ने मुस्लिम प्रतिनिधियों से बातचीत की और आपसी सहमति के बाद पत्थर हटाने का काम शुरू किया गया।

शुरुआत में सब कुछ शांतिपूर्ण रहा और पत्थर हटा भी दिए गए। लेकिन जब इसके बाद वहाँ रेलिंग लगाने और लोहे के एंगल लगाकर ढाँचे को फिर से स्थायी रूप देने की कोशिश की गई, तो मुस्लिम भीड़ ने इसका विरोध शुरू कर दिया। यही विरोध धीरे-धीरे विवाद में बदल गया और हालात तनावपूर्ण हो गए।

मुस्लिम भीड़ का पुलिस पर पथराव, 10 गिरफ्तार

रात करीब 2 से 3 बजे के बीच विवाद ने हिंसक रूप ले लिया। मुस्लिम भीड़ ने पुलिस पर पत्थरबाजी शुरू कर दी, जिसमें छह पुलिसकर्मियों के सिर फूट गए और वे बुरी तरह घायल हो गए। स्थिति को काबू में करने के लिए पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा और आँसू गैस के गोले भी छोड़े गए।

जयपुर पश्चिम के डीसीपी हनुमान प्रसाद मीणा ने बताया कि अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान पुलिस पर हमला किया गया। हालाँकि, अतिरिक्त पुलिस बल बुलाकर हालात पर जल्द ही नियंत्रण पा लिया गया। इस मामले में अब तक 10 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है और अन्य की पहचान की जा रही है।

प्रशासन ने उठाए सख्त कदम

घटना की गंभीरता को देखते हुए चौमू में भारी पुलिस बल, दंगा नियंत्रण वाहन और कई थानों की फोर्स तैनात कर दी गई है। पूरा इलाका फिलहाल पुलिस छावनी में तब्दील है। संवेदनशीलता को देखते हुए प्रशासन ने एहतियाती कदम उठाते हुए शुक्रवार (26 दिसंबर 2025) की सुबह 7 बजे से शनिवार (27 दिसंबर 2025) की सुबह 7 बजे तक मोबाइल इंटरनेट और सोशल मीडिया सेवाएँ बंद कर दी हैं।

इसमें 2G, 3G, 4G, 5G डेटा के साथ व्हाट्सऐप, फेसबुक और एक्स जैसी सेवाएँ शामिल हैं। हालाँकि वॉयस कॉल और ब्रॉडबैंड सेवाएँ चालू रखी गई हैं। प्रशासन और पुलिस अधिकारियों ने लोगों से शांति बनाए रखने, अफवाहों से दूर रहने और कानून व्यवस्था में सहयोग करने की अपील की है। फिलहाल हालात नियंत्रण में बताए जा रहे हैं और इलाके में सतर्क निगरानी जारी है।