पाकिस्तान और अफगानिस्तान वाले तालिबान सरकार ने अब आपस में लड़ाई रोकने का फैसला कर लिया है। बुधवार (15 अक्टूबर 2025) शाम को पाक का समय 6 बजे से (अफगान समय 5:30 बजे से) अगले 48 घंटे के लिए कोई गोली नहीं चलेगी। ये सीजफायर इसलिए किया गया ताकि और लोग न मरें और बातचीत से झगड़े सुलझा सकें।
पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने कहा कि ये अफगानिस्तान की गुजारिश पर हुआ है, ताकि हालात काबू में आएँ। लेकिन तालिबान के प्रवक्ता जाबिहुल्लाह मुजाहिद ने एक्स पर पोस्ट करके कहा कि सीजफायर पाकिस्तान ने ही माँगा था। वो इसे तब तक मानेंगे, जब तक पाकिस्तान इसका उल्लंघन न करे।
د پاکستاني اړخ په غوښتنه او اصرار به نن ماښام له ۵ نیمو بجو څخه وروسته د دواړو هېوادونو تر منځ اوربند پلی شي.
— Zabihullah (..ذبـــــیح الله م ) (@Zabehulah_M33) October 15, 2025
اسلامي امارت هم خپلو ټولو ځواکونه ته هدایت کوي چې وروسته له ۵ نیمو بجو څخه تر هغه وخته چې چا تجاوز نه وي کړی اوربند مراعات کړي.
खबरों के मुताबिक, पाकिस्तान ने कतर और सऊदी अरब से फौरन मदद माँगी। उनके अधिकारियों ने कहा कि भाई, इन गल्फ देशों से गुजारिश की कि तालिबान को समझाओ, लड़ाई बंद करो। एक पाकिस्तानी अफसर ने तो कहा भी, “खुदा के लिए, अफगानों को लड़ना मत होने दो।” ये सब कुछ दिनों पहले पाकिस्तान और सऊदी के बीच सिक्योरिटी डील साइन होने के बाद हुआ, मतलब पाक अपनी दोस्तों से मदद ले रहा है।
अफगान तालिबान के अफसर अब्दुल हक हमाद ने बताया कि पाक ने कतर-सऊदी से मध्यस्थता माँगी। उन्होंने चेतावनी भी दी, “पाकिस्तान समझ लो, हम अपनी इस्लामी व्यवस्था, पवित्र मूल्यों और देश के हितों की रक्षा में कभी चुप नहीं रहेंगे। अगर कोई हमला करेगा, तो हम जवाब देंगे ऐसा कि इतिहास में मिसाल बने। हम तो पहले भी दूर-दराज के बड़े दुश्मनों से लड़े और हराए, ये तो हमारे लिए आसान स्टेज है।”
⚡ BIG: Pakistan asked Qatar and Saudi Arabia to mediate immidiately after clash with Afghanistan:
— OSINT Updates (@OsintUpdates) October 14, 2025
A senior Afghan Taliban govt official, Abdul Haq Hamad, says that Pakistan asked Qatar and Saudi Arabia to act as mediators and urge the Afghan side to stop fighting.
Hamad said… https://t.co/JNia31afif pic.twitter.com/75FTyqrxsl
क्यों भिड़े हैं पाकिस्तान और अफगानिस्तान?
ये सब डूरंड लाइन पर हो रहा है, जो पाक-अफगानिस्तान की विवादित सीमा है। 2021 में तालिबान की सत्ता आने से ये तनाव बढ़ा। पाक कहता है कि तालिबान TTP (तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान) वालों को पनाह दे रहा है, जो पाक फौज पर हमले करते हैं।
पिछले हफ्ते पाक ने अफगानिस्तान में TTP कैंपों पर हवाई हमले किए, तो अफगान फौज ने जवाबी फायरिंग शुरू कर दी। बुधवार सुबह पाक ने कंधार प्रांत के स्पिन बोल्डाक इलाके में स्ट्राइक्स किए, जिसमें अफगान अफसरों के मुताबिक 15 आम लोग मारे गए, 100 से ज्यादा घायल हुए, जिनमें औरतें-बच्चे भी। तालिबान प्रवक्ता ने कहा कि ये घरों पर हमले थे, घर उजड़ गए, इसलिए जवाब देना पड़ा।
पाकिस्तान का कहना है कि तालिबान ने बॉर्डर पोस्ट पर हमला किया, जिसमें 6 पैरामिलिट्री जवान मारे गए, और उन्होंने 30 तालिबान लड़ाकों को मार गिराया। झड़पें इतनी तेज हुईं कि सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में तालिबान ने पाक का T-55 टैंक कब्जा कर लिया। हजारों लोग बेघर हो चुके हैं, बॉर्डर क्रॉसिंग एक हफ्ते से बंद हैं। कुल मिलाकर दर्जनों लोग मर चुके हैं, सैनिक हो या आम, इलाके में हालात खराब हो गए हैं।
अब देखते हैं ये सीजफायर कितना चलेगा, कहीं फिर न भड़क जाए।

