CJP प्रदर्शन में जमकर पत्थरबाजी, 50+ पुलिसकर्मी घायल: तस्वीरों-वीडियो के बाद भी हंगामे को ‘पीसफुल’ बता रहा प्रोपेगेंडा गैंग, सोनम वांगचुक भी अड़े

कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के समर्थकों द्वारा निकाले गए प्रदर्शन के दौरान सोमवार (20 जुलाई) को भारी हिंसा और तोड़फोड़ की खबर सामने आई है। संसद मार्च के नाम पर हुए इस हंगामे के दौरान उपद्रवियों ने जमकर पत्थरबाजी की, जिसमें कई पुलिसकर्मी गंभीर रूप से घायल हो गए।

सोशल मीडिया पर सामने आए कई वीडियो और तस्वीरों में प्रदर्शनकारियों की हिंसा साफ नजर आ रही है।

तस्वीरों में साफ देखा जा सकता है कि कैसे उपद्रवियों ने गाड़ियों को नुकसान पहुँचाया और कानून-व्यवस्था को चुनौती दी, जिसके बाद पुलिस को स्थिति पर काबू पाने के लिए कार्रवाई करनी पड़ी।

‘शांतिपूर्ण प्रदर्शन’ कर रहे लोगों ने दिल्ली के अलग-अलग इलाकों में हिंसा की कोशिश की और जमकर पत्थरबाजी की है।

पत्थरबाजी में कई पुलिसकर्मी गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें अस्पताल ले जाया गया।

सीजेपी की पत्थरबाजी में 50 से अधिक पुलिसकर्मी बुरी तरह से घायल हुए हैं, जिसमें 10 से अधिक IPS और DANIPS अधिकारी भी शामिल हैं।

इस पूरे घटनाक्रम और दिल्ली के जंतर-मंतर समेत कई इलाकों में CJP समर्थकों की हिंसा और पत्थरबाजी के पुख्ता सबूत सामने आने के बावजूद ‘एक्टिविस्ट’ सोनम वांगचुक उपद्रवियों के बचाव में उतर आए हैं। वांगचुक ने एक हस्तलिखित नोट जारी कर समर्थकों की हिंसा और तोड़फोड़ को सिरे से खारिज कर दिया। उन्होंने उल्टा पुलिस प्रशासन पर ही बर्बरता का आरोप लगाया है और इसे आधार बनाकर अपना अनशन जारी रखने का ऐलान किया है।

सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियोज ने वांगचुक के ‘शांतिपूर्ण प्रदर्शन’ के दावों की पोल खोलकर रख दी है। इसके बावजूद वांगचुक अपने रुख पर अड़े हुए हैं। उन्होंने अपने पत्र में आगे लिखा, “मैं इस बात से बेहद प्रभावित हूँ कि उकसावे के बावजूद युवाओं ने शांति बनाए रखी। मैं सरकार और पुलिस बल से अपील करता हूँ कि छात्रों को आज या कल संसद के समक्ष अपनी शिकायतें रखने की अनुमति देकर इस मुद्दे को हल करें।”

इस बीच दिल्ली पुलिस ने 70 से अधिक उपद्रवियों को डिटेन किया है। वहीं, स्टोन पेल्टिंग करने वालों की पहचान की जा रही है।

बता दें कि सोनम वांगचुक के अलावा भूख हड़ताल कर रहे अन्य सभी लोगों ने अपना अनशन खत्म कर दिया है। मोदी सरकार के कैबिनेट मंत्री जेपी नड्डा ने भी प्रदर्शनकारियों से मुलाकात की और उनकी बातों को सुना। इसके बावजूद अभी दिल्ली में हंगामा जारी है।