उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने दो टूक कहा है कि राज्य में नकल जिहाद किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने चेतावनी दी कि जो भी युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करेगा, सरकार उसे मिट्टी में मिला देने तक चैन से नहीं बैठेगी।
सीएम धामी ने कहा कि उनकी सरकार ने नकल माफियाओं पर लगाम कसने के लिए सख्त कानून लागू किया है। इसके चलते 25 हजार से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरियों का अवसर मिला है और 2022 से अब तक 100 से अधिक नकल माफिया जेल की सलाखों के पीछे पहुँचाए जा चुके हैं।
नकल जिहाद के प्रयास को राज्य में कभी सफल नहीं होने दिया जाएगा ! pic.twitter.com/zanlb2rZWb
— Pushkar Singh Dhami (@pushkardhami) September 24, 2025
बावजूद इसके, कुछ लोग संगठित होकर पेपर लीक कराने के षड्यंत्र रच रहे हैं। धामी ने साफ कहा कि कोचिंग और नकल माफिया का गठजोड़ युवाओं का भविष्य अंधकार में धकेलना चाहता है, लेकिन सरकार उनके खिलाफ कठोरतम कार्रवाई करेगी।
यह बयान हाल ही में सामने आए UKSSSC वन इंस्पेक्टर भर्ती परीक्षा मामले के बीच आया है। इस परीक्षा का पेपर 22 सितंबर को शुरू होने के आधे घंटे बाद ही हरिद्वार के एक सेंटर से लिक हो गया था।
आरोपित शाहिद मलिक ने पेपर का स्क्रीनशॉट अपनी बहन सदिया को भेजा, जिसे आगे प्रोफेसर सुमन तक पहुँचाया गया। पुलिस ने शाहिद और सदिया को गिरफ्तार कर लिया है। हालांकि आयोग और पुलिस का कहना है कि यह पूरा पेपर लीक नहीं था, लेकिन सरकार ने इसे गंभीरता से लेते हुए तुरंत कार्रवाई के आदेश जारी किए हैं।

