‘जय श्रीराम का नारा लगाया… माफी माँग’: बंगाल के स्कूल में 10वीं के छात्र की बेरहमी से पिटाई, बारुईपुर में हिंदू संगठन भड़के

पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले के बारुईपुर शहर में स्थित ‘मदरात पॉपुलर एकेडमी’ स्कूल में 10वीं क्लास के एक छात्र को ‘जय श्रीराम’ नारे लगाने लिए कुछ सहपाठियों द्वारा बुरी तरह पीटने का मामला सामने आया है।

घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद लोगों में भारी गुस्सा है। बुधवार (10 जून 2026) को स्कूल के बाहर जोरदार प्रदर्शन हुआ, जिसकी कुछ वीडियोज भी आईं। इनमें से एक में दावा किया गया प्रदर्शनकारियों ने कि आरोपितों को भी पीटा है। हालात ऐसे हो गए कि पुलिस को केंद्रीय बलों की मदद से लाठीचार्ज करना पड़ा।

गलत पहचान के चलते छात्र पर हमला, बाथरूम में ले जाकर पीटा

पीड़ित छात्र का नाम देबजीत हल्दार है। उसके अनुसार, 4 जून को स्कूल के 10 से 12 छात्रों ने उसे स्कूल के बाथरूम में बंद कर दिया और एक वीडियो दिखाते हुए उसे कहा कि वह ‘जय श्रीराम’ नारा लगाने के लिए माफी माँगे।

देबजीत का कहना है कि वीडियो में दिख रहा छात्र वह नहीं था, लेकिन शक के आधार पर उसकी पिटाई की गई। आरोप है कि हमलावरों ने उसे बुरी तरह पीटा और बाद में जबरन माफी भी मँगवाई। इस दौरान कुछ छात्र घटना का वीडियो भी बनाते रहे। पीड़ित ने दावा किया कि उसने एक शिक्षक को घटना की जानकारी दी थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।

देबजीत के परिवार का कहना है कि उनके बच्चे के कान समेत शरीर के कई हिस्सों में चोटें आई हैं, जिससे सुनने में भी परेशानी हो रही है। घटना के बाद से वह डर के कारण स्कूल जाना छोड़ चुका है। मामले में बारुईपुर थाने में शिकायत दर्ज कराई गई है।

वीडियो वायरल होने के बाद प्रदर्शन, पुलिस ने किया लाठीचार्ज

बुधवार को जब इस पिटाई का वीडियो इंटरनेट पर वायरल हुआ, तो हिंदू संगठनों और भाजपा समर्थकों का गुस्सा फूट पड़ा। भारी संख्या में लोग स्कूल के बाहर जमा हो गए और आरोपितों पर सख्त कार्रवाई की माँग करने लगे। प्रदर्शनकारियों ने सड़क जाम कर दी, जिससे पूरा इलाका ठप हो गया। तनाव के बीच स्कूल के बच्चे और टीचर अंदर ही फँस गए। इस दौरान भीड़ ने कुछ आरोपित छात्रों को भी पीट दिया।

हालात बिगड़ते देख पुलिस और केंद्रीय सुरक्षा बलों को मोर्चा संभालना पड़ा। जब भीड़ ने रास्ता खाली नहीं किया, तो पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया, जिसमें कई प्रदर्शनकारी घायल हो गए। इसके बाद पुलिस की सुरक्षा में बच्चों को स्कूल से बाहर निकाला गया।

तनाव को शांत करने के लिए स्कूल प्रशासन ने पुलिस, पीड़ित परिवार और आरोपित छात्रों के माता-पिता के साथ एक मीटिंग की। खबरों के मुताबिक, आरोपित छात्रों के घरवालों ने इस बैठक में माफी माँगी है।

स्कूल के प्रिंसिपल साइकत पुरकैत ने बताया कि उन्होंने बड़े अधिकारियों को चिट्ठी लिखकर आरोपित छात्रों को स्कूल से सस्पेंड करने की सिफारिश की है। उन्होंने भरोसा दिया है कि कानून के मुताबिक सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी।