बांग्लादेश में हिंदू समुदाय के खिलाफ हिंसा का एक और गंभीर मामला सामने आया है। हबीगंज जिले के अजमिरिगंज उपजिला के बदालपुर गाँव में एक हिंदू युवक की हत्या कर दी गई, जिससे पूरे इलाके में डर का माहौल है।
मृतक की पहचान 18 वर्षीय कामदेव दास के रूप में हुई है। स्थानीय लोगों के अनुसार, कामदेव गुरुवार (25 दिसंबर 2025) से लापता था। उसके पिता ने थाने में गुमशुदगी की शिकायत दर्ज कराई थी, लेकिन परिवार का आरोप है कि पुलिस ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया।
?Another Hindu has been killed in Habiganj District, Bangladesh.?
— Colonel Mayank Chaubey (@col_chaubey) December 27, 2025
Kamdev Das, a Hindu youth, was lynched and murdered by Islamist radicals in Bodolpur village, under Ajmeriganj Upazila.
Say it clearly:
Hindus are being hunted for their identity.
This is not “communal… pic.twitter.com/2e4j4zlcGB
तालाब में तैरता दिखा शव
शनिवार (27 दिसंबर 2025) सुबह गाँव के कुछ लोगों ने एक तालाब में शव तैरता हुआ देखा। बाद में उसकी पहचान कामदेव दास के रूप में हुई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुँची और शव को पोस्टमॉर्टम के लिए अस्पताल भेजा गया।
परिजनों का कहना है कि कामदेव के गले पर गला दबाने के निशान थे, जिससे यह साफ होता है कि उसकी हत्या की गई है। बेटे की लाश देखकर माता-पिता का रो-रोकर बुरा हाल है। उन्होंने किसी का नाम नहीं लिया, लेकिन गाँव के लोगों का आरोप है कि इस घटना के पीछे इस्लामी कट्टरपंथी हैं।
इस हत्या के बाद बदालपुर गाँव में रहने वाले हिंदू परिवारों में डर और असुरक्षा बढ़ गई है। हबीगंज जिले में लगभग 15 प्रतिशत आबादी हिंदुओं की है और यह इलाका अब तक शांत माना जाता था, लेकिन इस घटना ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है।
हिंदू मंदिर में गोहत्या
इसी बीच एक और घटना में रंगपुर जिले के पास एक गाँव में हिंदू मंदिर परिसर में गाय का हत्या किए जाने की खबर सामने आई है। बताया गया है कि जब हिंदुओं ने इसका विरोध किया तो हमलावरों ने हिंसा की और मंदिर के आसपास स्थित कुछ हिंदू घरों में तोड़फोड़ की गई।
इन दोनों घटनाओं ने बांग्लादेश में हिंदू अल्पसंख्यकों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस ने कहा है कि दोनों मामलों की जाँच की जा रही है।

