पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद की धुलियान नगरपालिका का तृणमूल कॉन्ग्रेस (TMC) चेयरमैन मोहम्मद इंजामुल इस्लाम रजा एक बार फिर चर्चा में है। TMC नेता रजा ने हाल ही में सोशल मीडिया पर कॉन्ग्रेस नेता राहुल गाँधी की कई तस्वीरें शेयर की हैं। इसके बाद यह अटकलें तेज हो गई हैं कि क्या वह कॉन्ग्रेस के करीब जा रहा है।

यह घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है, जब रजा पहले से ही धुलियान नगरपालिका में दबाव का सामना कर रहा है। नगरपालिका सूत्रों के अनुसार, 21 में से 13 पार्षदों ने उसके खिलाफ शमशेरगंज ब्लॉक प्रशासन के पास अविश्वास प्रस्ताव सौंपा है। इस प्रस्ताव में रजा पर ‘तानाशाही और भ्रष्टाचार’ के आरोप लगाए गए हैं।
हालाँकि संभावित तौर पर पार्टी बदलने को लेकर चल रही अटकलों पर रजा की ओर से अभी तक कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।
मुर्शिदाबाद हिंसा से पहले ‘ऐलान-ए-जंग’ भाषण
रजा की हालिया राहुल गाँधी से जुड़ी पोस्ट ने अप्रैल 2025 में मुर्शिदाबाद में हुई हिंसा से पहले दिए गए उसके विवादित भाषण को भी फिर से चर्चा में ला दिया है। ‘ऐलान-ए-जंग’ नाम की एक फिल्म का जिक्र करते हुए रजा ने कहा था, “हमें आज से मोदी के खिलाफ जंग का ऐलान करना होगा।”
इसे हिंदुओं के खिलाफ एक इशारा माना गया। उसने यह भी कहा था, “एक दिन BJP को भारत की धरती से उखाड़ फेंका जाएगा।” यह भाषण मुर्शिदाबाद में वक्फ संशोधन अधिनियम के खिलाफ हुए प्रदर्शनों के दौरान हिंसा भड़कने से एक दिन पहले दिया गया था।
मुर्शिदाबाद में भड़की थी हिंदू विरोधी हिंसा
11 अप्रैल को सूती और समसेरगंज में बड़े पैमाने पर हिंसा भड़क उठी थी। इस दौरान तोड़फोड़, आगजनी और हिंदुओं के घरों, दुकानों और मंदिरों पर हमले किए गए। हिंसा 12 अप्रैल तक जारी रही। इस दौरान हजारों हिंदू परिवारों को अपने घर छोड़कर मालदा की ओर जाने के लिए मजबूर होना पड़ा।
हिंसा धुलियान तक भी पहुँच गई थी, जहाँ एक निजी अस्पताल में तोड़फोड़ की गई और बाद में उसमें आग लगा दी गई। एक शॉपिंग मॉल को भी नुकसान पहुँचाया गया। वहीं भीड़ को नियंत्रित करने की कोशिश के दौरान मालदा के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मोहम्मद जमाल भी घायल हो गए थे।
हिंसा के दौरान गोलीबारी में दो लोग, युवक मुद्दीन शेख और नाबालिग हसन शेख भी घायल हुए। पुलिस ने कहा कि गोलीबारी BSF की ओर से हुई हो सकती है। दोनों को जंगीपुर सबडिविजनल अस्पताल ले जाया गया, जहाँ उनकी हालत खतरे से बाहर बताई गई।
पश्चिम बंगाल के DGP राजीव कुमार ने कहा था कि अफवाहों के कारण स्थिति बिगड़ी हो सकती है और लोगों से अपील की कि वे उकसावे पर ध्यान न दें। फरक्का से TMC विधायक मोनिरुल इस्लाम के घर में भी तोड़फोड़ की गई। उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार, हिंसा के मामले में 118 लोगों को गिरफ्तार किया गया था।
हिंदू परिवारों ने सुनाई हमलों की आपबीती
हिंसा के बाद कई हिंदू परिवारों ने हत्या और तबाही की घटनाओं के बारे में बताया। पारुल दास ने कहा कि 11 अप्रैल को उनके पति हरगोबिंदो दास और बेटे चंदन दास की हत्या कर दी गई। इन हत्याओं के मामले में कालू नादर, दिलदार नादर, इंजमाम उल हक और जियाउल शेख को गिरफ्तार किया गया।
उन्होंने यह भी कहा कि पुलिस करीब चार घंटे बाद मौके पर पहुँची। झरना मंडल ने एक मंदिर पर हुए हमले के बारे में बताया और कहा कि उनके देवर के साथ मारपीट की गई और उन्हें ‘अल्लाह’ और ‘बिस्मिल्लाह’ बोलने के लिए मजबूर किया गया। उन्होंने कहा कि बाद में BSF ने ग्रामीणों को बचाया।
जाफराबाद के TMC समर्थक समर दास ने भी अपने घर पर हुए हमले के बारे में बताया और कहा कि BSF के पहुँचने के बाद उनके परिवार को ज्यादा सुरक्षित महसूस हुआ। इसी पृष्ठभूमि में राहुल गाँधी की तारीफ करते हुए रजा की हालिया सोशल मीडिया पोस्ट ने TMC नेता से जुड़े विवाद में एक नया राजनीतिक मोड़ जोड़ दिया है।

