झारखंड में पेपर लीक के खिलाफ आंदोलन तेज, सड़कों पर उतरे छात्रों को कुचल रही कॉन्ग्रेस-JMM सरकार: राहुल गाँधी ने मूँदी आँखे, BJP ने बताया पाखंडी

संसद के भीतर छात्रों के मुद्दे पर सरकार को घेरने और खुद को युवाओं का सबसे बड़ा हितैषी बताने वाले नेता प्रतिपक्ष राहुल गाँधी की नजर क्या कॉन्ग्रेस की सहयोगी JMM सरकार वाले झारखंड पर नहीं पड़ रही? एक तरफ राहुल गाँधी संसद में छात्रों के नाम पर लगातार बयानबाजी कर रहे हैं, केंद्र सरकार पर मनगढ़ंत आरोप लगा रहे हैं और आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर झारखंड में उनकी सरकार के खिलाफ हजारों छात्र सड़कों पर आंदोलन कर रहे हैं। लेकिन राहुल गाँधी की ओर से अब तक इस पूरे मामले पर एक शब्द भी नहीं बोला गया है।

राँची के अल्बर्ट अक्का चौक पर पिछले तीन दिनों से JPSC और JSSC अभ्यर्थियों का आंदोलन जारी है। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, हजारों की संख्या में छात्र भर्ती परीक्षाओं में गड़बड़ी, पेपर लीक, नियुक्ति प्रक्रिया में पारदर्शिता और लंबित भर्तियों को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। गुरुवार (30 जुलाई 2026) को छात्रों ने राज्य सरकार के सामने 10 सूत्रीय माँगें रखीं, जिसमें CBI और ED से जाँच कराने की माँग शामिल है। छात्रों ने साफ चेतावनी दी कि अगर इन माँगों पर समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को इस्तीफा देना होगा।

हैरानी की बात यह है कि संसद में राहुल गाँधी NEET पेपर लीक को लेकर छात्रों के मुद्दे पर केंद्र सरकार पर हमलावर दिखे। उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर यह आरोप लगाया कि उन्होंने CJP प्रदर्शन में छात्रों पर गोलियाँ चलवाईं। संसद में विरोध के बाद राहुल गाँधी ने इस मुद्दे पर प्रेस कॉन्फ्रेंस भी की। इससे पहले भी वह छात्रों की माँगों को लेकर प्रधानमंत्री आवास के बाहर धरने पर बैठ गए थे और खुद को छात्रों की आवाज बताने की कोशिश की थी।

लेकिन झारखंड में जब उनकी सरकार के खिलाफ छात्र लगातार आंदोलन कर रहे हैं, तब राहुल गाँधी ने चुप्पी साध ली है।

इसी मुद्दे को लेकर भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने राहुल गाँधी और कॉन्ग्रेस पर तीखा हमला बोला है। BJP ने राहुल गाँधी को ‘पाखंडी’ बताते हुए आरोप लगाया कि संसद में वह झूठ बोलते हैं और ड्रामा करते हैं, लेकिन जब कॉन्ग्रेस वाले राज्यों जैसे झारखंड, केरल और हिमाचल प्रदेश में पेपर लीक की घटनाएँ होती हैं तो वह एक शब्द नहीं बोलते।

बीजेपी का कहना है कि झारखंड में शिक्षा मंत्री का इस्तीफा तक नहीं हो रहा और युवाओं को केवल धोखा दिया जा रहा है। पार्टी ने यह भी कहा कि कॉन्ग्रेस-शासित राज्यों में छात्रों की आवाज उठाने के बजाय उनके खिलाफ ही मुकदमे दर्ज कर दिए जाते हैं।