रक्षाबंधन नजदीक आते आते उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेशवासियों के नाम एक खास पाती लिखी है। उन्होंने भाई-बहन के रिश्ते, भारतीय परंपरा और सामाजिक जिम्मेदारी की बात करते हुए लिखा कि राखी सिर्फ कलाई पर बंधने वाला धागा भर नहीं बल्कि स्नेह, विश्वास और संकल्प का पर्व है। इस साल रक्षाबंधन 28 अगस्त को मनाया जाएगा।
अपनी पाती में योगी आदित्यनाथ ने रक्षाबंधन से जुड़ी पौराणिक कथाओं का जिक्र किया। भगवान श्रीकृष्ण और द्रौपदी की कहानी हो या राजा बलि और माता लक्ष्मी का प्रसंग, सभी में रक्षा के साथ-साथ स्नेह और भरोसे का भाव झलकता है। सीएम का कहना है कि यह पर्व सिर्फ भाई-बहन के रिश्ते तक सीमित नहीं बल्कि समाज में जिम्मेदारी और सुरक्षा की भावना को भी मजबूत करता है।
मेरे सम्मानित प्रदेशवासियों,
— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) August 24, 2026
रक्षाबंधन भाई की कलाई पर बंधने वाला रक्षा-सूत्र मात्र नहीं, अपितु स्नेह, विश्वास और संकल्प का पावन पर्व है, जो परिवार को जोड़ता है, समाज में आत्मीयता जगाता है तथा बहन-बेटियों के सम्मान, सुरक्षा एवं स्वाभिमान के प्रति अपने दायित्व का स्मरण कराता है।… pic.twitter.com/RljBJsPeqF
नई पीढ़ी को अपनी जड़ों से जोड़ने की बात
सीएम योगी ने लिखा है कि आज के तकनीकी दौर में नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक परंपराओं और मूल्यों से जोड़े रखना पहले से कहीं ज्यादा जरूरी हो गया है। उनके मुताबिक ऐसे त्योहार परिवारों को करीब लाते हैं, समाज को जोड़ते हैं और संविधान में दर्ज समानता, बंधुता और सामाजिक समरसता की भावना को भी मजबूत करते हैं।
उन्होंने रक्षाबंधन को सिर्फ घर-परिवार का उत्सव न मानकर इसे एक व्यापक सामाजिक संदेश से भी जोड़ा। उन्होंने लिखा कि यह पर्व महिलाओं के सम्मान और सुरक्षा के प्रति संकल्प लेने का भी मौका है।
महिला सुरक्षा और सम्मान सरकार की प्राथमिकता
मुख्यमंत्री ने अपनी सरकार के कामकाज का जिक्र करते हुए कहा कि महिलाओं और बेटियों की सुरक्षा, सम्मान और आत्मनिर्भरता उनकी सरकार की प्राथमिकताओं में रही है। पाती में उन्होंने मिशन शक्ति अभियान, मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना, महिला पेंशन योजना और महिला उद्यमी क्रेडिट कार्ड जैसी योजनाओं का भी उल्लेख किया।
उनके मुताबिक इन योजनाओं का मकसद महिलाओं को सिर्फ सुरक्षा देना ही नहीं बल्कि उन्हें शिक्षा और आर्थिक तौर पर आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में आगे बढ़ाना भी है।
रक्षाबंधन पर बहनों के लिए मुफ्त बस यात्रा
पाती में इस बात का भी जिक्र है कि रक्षाबंधन के मौके पर सरकार महिलाओं को मुफ्त बस यात्रा की सुविधा दे रही है। 27 से 29 अगस्त तक माताओं-बहनों के लिए यह सुविधा उपलब्ध रहेगी, ताकि वे बिना किसी परेशानी के अपने भाइयों तक पहुंच सकें। मुख्यमंत्री ने कहा कि इसका मकसद बहनों की यात्रा को सुरक्षित और सुगम बनाना है।
पुलिसकर्मियों और राहतकर्मियों को राखी बांधने की अपील
मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों से अपील की कि रक्षाबंधन के संकल्प को सिर्फ बातों तक सीमित न रखें, बल्कि इसे रोजमर्रा के व्यवहार का हिस्सा बनाएँ। उन्होंने कहा कि बहन-बेटियों के सम्मान और सुरक्षा का संकल्प लेने के साथ-साथ उन पुलिसकर्मियों, सुरक्षाबलों और आपदा राहतकर्मियों का भी शुक्रिया अदा किया जाना चाहिए, जो समाज की हिफाजत के लिए दिन-रात तैनात रहते हैं। उनके मुताबिक इन्हें राखी बांधकर सम्मान और आभार जताया जा सकता है।
स्थानीय उत्पादों को प्राथमिकता देने की सलाह
योगी आदित्यनाथ ने यह भी कहा कि रक्षाबंधन पर लोग स्थानीय स्तर पर बनी राखियाँ और उपहार खरीदने को प्राथमिकता दें। उनके मुताबिक इससे स्थानीय कारीगरों, हुनर और छोटे उद्यमों को बढ़ावा मिलेगा, और आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश के सपने को भी मजबूती मिलेगी।
पाती के आखिर में मुख्यमंत्री ने सभी प्रदेशवासियों को रक्षाबंधन की शुभकामनाएँ दी और कहा कि राखी के धागे में बंधे स्नेह और संकल्प को सिर्फ रस्म तक सीमित न रखकर अपने आचरण का हिस्सा बनाना चाहिए। उनके शब्दों में, बहन-बेटियों के सम्मान और सुरक्षा का यही संकल्प रक्षाबंधन को उसका असली मतलब देता है।

