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गुजरात के ‘बेट द्वारका’ के दो द्वीपों पर सुन्नी वक्फ बोर्ड ने किया दावा, हाईकोर्ट ने कहा- कृष्णनगरी में वक्फ का कैसा मालिकाना हक?

द्वारका तट पर स्थित बेट द्वारकाको बेयत द्वारका भी कहा जाता है। भगवान श्रीकृष्ण जब गुजरात में शासन करते थे, तब यहाँ रहते थे। यहाँ पहुँचने में ओखा से नाव के जरिए करीब 30 मिनट का वक्त लगता है। इस छोटे से द्वीप में लगभग 7,000 परिवार रहते हैं, जिनमें से लगभग 6,000 परिवार मुस्लिम परिवार हैं।

भगवान श्रीकृष्ण की नगरी द्वारका को देवभूमि कहा जाता है। यहीं पर स्थित है बेट द्वारका। अब इस बेट द्वारका के दो द्वीपों पर अपना दावा करते हुए वक्फ बोर्ड ने गुजरात हाईकोर्ट में एक याचिका दायर की है। इस आवेदन पर कोर्ट की जज भी बिफर पड़ीं। गुजराती दैनिक दिव्य भास्कर की एक रिपोर्ट के हवाले से बताया गया है कि सुन्नी वक्फ बोर्ड के आवेदन पर सुनवाई हाईकोर्ट की जस्टिस संगीता विशेन की अदालत में हुई।

वक्फ समिति ने कोर्ट में दिए अपने आवेदन में दावा किया है कि बेट द्वारका द्वीप पर दो द्वीपों का स्वामित्व वक्फ बोर्ड के पास है। वक्फ बोर्ड के इस बेतुके दावे को सुनते ही गुजरात हाईकोर्ट ने इस पर अपनी असहमति व्यक्त की। कोर्ट ने कहा, “क्या आप जानते हैं कि आप क्या कह रहे हैं? वक्फ बोर्ड कृष्णानगरी में भूमि के स्वामित्व का दावा कैसे कर सकता है?।” इसी के साथ कोर्ट ने वक्फ बोर्ड के आवेदन को सिरे से खारिज कर दिया।

दिव्य भास्कर रिपोर्ट में कहा गया है कि बेट द्वारका क्लस्टर में कुल 8 छोटे द्वीप हैं। सुन्नी वक्फ बोर्ड ने हाईकोर्ट में आवेदन देकर उन पर मालिकाना हक जताया है। वक्फ बोर्ड का दावा है कि बेट द्वारका में पास के द्वीपों की भूमि वक्फ बोर्ड की है। हालाँकि, हाईकोर्ट उसके दावे को सुनकर गुस्से में बिफर पड़ा। इसके बाद हाईकोर्ट ने वक्फ बोर्ड को अपने आवेदन को फिर से पढ़ने और अवकाश न्यायालय में एक और संशोधित आवेदन जमा करने के लिए कहा।

बेट द्वारका जिसे बेयत द्वारका भी कहा जाता है, उस समय भगवान श्रीकृष्ण का निवास स्थान था, जब वो गुजरात में शासन करते थे। बेट द्वारका, द्वारका के तट पर एक छोटा सा द्वीप है। यहाँ पहुँचने में ओखा से नाव के जरिए करीब 30 मिनट का वक्त लगता है। इस छोटे से द्वीप में लगभग 7,000 परिवार रहते हैं, जिनमें से लगभग 6,000 परिवार मुस्लिम परिवार हैं। बेट द्वारका हिंदुओं के पवित्र तीर्थस्थलों में से एक है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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