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‘कश्मीर मुक्ति, मुस्लिम मुक्ति’ का बैनर लिए लड़की को पुलिस ने लिया हिरासत में, ‘पाक जिंदाबाद’ कहने का भी है आरोप

"लड़की की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उसे हिरासत में ले लिया गया है। हम उसके बारे में जानकारी जुटाएँगे, कि वह कहाँ रहती है और उसके पीछे कौन है।"

नागरिकता संशोधन कानून के ख़िलाफ गुरुवार (फरवरी 21, 2020) को बेंगलुरु में आयोजित रैली में अमूल्या लियोना द्वारा ‘पाकिस्तान जिंदाबाद’ के नारे लगाए जाने की घटना उजागर होने के बाद शुक्रवार को एक और लड़की को बेंगलुरू के एक कार्यक्रम से हिरासत में लिया गया।

लड़की की पहचान अरुद्रा के रूप में हुई है। मालूम हुआ है कि वह एक प्रदर्शन में “कश्मीर मुक्ति, दलित मुक्ति, मुस्लिम मुक्ति” नारे लिखे पोस्टर लेकर बैठी थी। इस प्रदर्शन को हिंदू जागरण वेदिके नाम के संगठन ने अमूल्या के ख़िलाफ़ विरोध प्रदर्शित करने के लिए आयोजित किया था। टीवी9 भारतवर्ष की खबर के अनुसार लड़की पर पाकिस्तान जिंदाबाद चिल्लाने का भी कथित आरोप है।

बेंगलुरु के पुलिस कमिश्नर भास्कर राव का कहना है कि हिंदू जागरण वेदिके के प्रोटेस्ट के दौरान लोगों के बीच एक लड़की आकर बैठ गई। उसके हाथ में कन्नड़ भाषा में लिखा एक बैनर था, जिस पर दलित मुक्ति, कश्मीर मुक्ति और मुस्लिम मुक्ति लिखा था। इसे देख वहाँ काफी भीड़ इकट्ठा हो गई थी, लोगों ने उसे वहाँ से जाने को कहा, इसलिए हमने उसे किसी तरह मौके से रेस्क्यू किया और उसे हिरासत में लिया।

पुलिस आयुक्त ने पत्रकारों से कहा, “लड़की की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए उसे हिरासत में ले लिया गया है। हम उसके बारे में जानकारी जुटाएँगे, कि वह कहाँ रहती है और उसके पीछे कौन है।”

मीडिया खबरों के अनुसार, पुलिस आयुक्त का कहना है कि लड़की ने प्रदर्शन में नारेबाजी नहीं की और जाँच के बाद तय होगा कि उसकी गिरफ्तारी होगी या नहीं। जाँच से पहले कुछ भी कहना जल्दबाजी होगी, क्योंकि उसे थोड़ी देर पहले ही हिरासत में लिया गया है।

गौरतलब है कि इस घटना से पहले यानी कल AIMIM अध्यक्ष और हैदराबाद के सांसद असदुद्दीन ओवैसी के मंच से पाकिस्तान जिंदाबाद के नारे लगाए जाने की घटना सामने आई थी। बेंगलुरु में गुरुवार को ओवैसी ने CAA विरोधी रैली की थी। इसी दौरान एक लड़की मंच पर चढ़ गई थी और पाकिस्तान जिंदाबाद के नारे लगाए थे। नारों को सुनते ही वहाँ हंगामा मच गया था। ओवैसी के चेहरे की हवाइयाँ उड़ गईं थीं। मगर लड़की फिर भी माइक पकड़कर अपनी बात कहने की कोशिश कर रही थी। माहौल इतना बिगड़ गया था कि वहाँ मौजूद सुरक्षाकर्मियों ने जबरन मंच से उतारना पड़ा।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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