PM मोदी ने बंगाल चुनाव में झोंकी पूरी ताकत, आखिरी सभा में बोले- अब 4 मई के बाद शपथ ग्रहण में आऊँगा: महाजंगलराज से भ्रष्टाचार तक, ममता को खूब सुनाया

पश्चिम बंगाल में दूसरे चरण की 142 सीटों पर 29 अप्रैल 2026 को मतदान होना है। इसको देखते हुए सोमवार (27 अप्रैल 2026) को चुनाव प्रचार थम जाएगा। इससे पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उत्तर 24 परगना जिले में हुगली नदी के तट पर स्थित बैरकपुर शहर में अपनी अंतिम चुनावी रैली की।

पीएम मोदी की चुनावी रैली में बैरकपुर में उनकी जनसभा में लाखों की संख्या में लोग मौजूद हुए। पीएम मोदी ने भी अपने हेलीकॉप्टर से जनसैलाब की एक तस्वीर साझा की और लिखा, “आज बैरकपुर में तिल रखने की भी जगह नहीं है। कुछ ही देर में मैं जनसभा में भाषण दूँगा।”

जनसैलाब को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा, “बंगाल के प्रति मेरा जो लगाव रहा है, शक्ति की भक्ति रही है। मेरे व्यक्तिगत जीवन की आध्यात्मिक यात्रा का यह ऊर्जा केंद्र रहा है। बंगाल के महान व्यक्तित्वों की प्रेरणा रही है और जनता जनार्दन का अपार प्रेम रहा है। बंगाल की इस धरती पर मैंने जो अनुभव किया है, उसे मैं अपने आप पर बहुत बड़ा आशीर्वाद समझता हूँ।”

भारत की तीन मजबूत स्तंभ- अंग, बंग और कलिंग: PM मोदी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत के तीन मजबूत स्तंभ बताते हुए बंगाल को महत्वपूर्ण हिस्सा बताया और कहा कि बंगाल के बिना भारत का भाग्योदल अधूरा है। पीएम मोदी ने कहा, “पश्चिम बंगाल का ये चुनाव बंगाल के साथ-साथ पूरे पूर्वी भारत का भाग्य बदलने का भी चुनाव है। अतीत में जब भी भारत समृद्ध था, तब उसके तीन मजबूत स्तंभ थे। अंग, बंग और कलिंग। अंग यानी बिहार, बंग यानी बंगाल और कलिंग यानी ओडिशा।”

उन्होंने आगे कहा, “ये तीनों स्तंभ कमजोर हुए, तो भारत के सामर्थ्य को भी झटका लगा। आज भारत जब विकसित होने के लक्ष्य में आगे बढ़ रहा है, तो अंग, बंग और कलिंग का मजबूत होना बहुत जरूरी है। भारत का भाग्योदय, पूर्वोदय के बिना अधूरा है और भारत के भाग्योदय की सबसे बड़ी ताकत पूर्वोदय का भाग्योदय है। इसीलिए भारत का पूर्वोदय और भाग्योदय एक दूसरे की शक्ति है। इसीलिए जब पूर्व का उदय होगा, तब देश आगे बढ़ेगा।”

15 साल का रिपोर्ट कार्ड नहीं दिखा पाई TMC: PM मोदी

इस दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने TMC पर भी जमकर निशाना साधा। पीएम मोदी ने कहा कि TMC ने माँ, माटी और मानुष के नारे से बंगाल में सरकार बनाई और अब उस नारे की बात भी नहीं करती है। पीएम मोदी ने कहा कि इन चुनावों में TMC के किसी भी नेता ने अपना 15 साल का रिपोर्ट कार्ड नहीं दिखाया।

पीएम मोदी ने कहा, “TMC ने जिस नारे के साथ बंगाल में सरकार बनाई थी, वो नारा ही भुला दिया। इन्होंने माँ, नारी की सुरक्षा के लिए कुछ नहीं किया। किसानों के लिए कुछ नहीं किया। युवाओं के लिए भी कुछ नहीं किया। जब बताने के लिए कुछ नहीं है, तो TMC ने एक ही फॉर्मूला अपनाया है… TMC का फॉर्मूला है.. गाली दो, धमकी दो, झूठ बोलो, जोर से बोलो, बार-बार बोलो।”

उन्होंने आगे कहा, “TMC ने मोदी को गाली दी। इन्होंने सेना, संवैधानिक संस्थाएँ और सबको गाली दी। TMC ने बंगाल के लोगों को धमकियाँ दी, गुंडागर्दी की भाषा में उनसे बात की। लेकिन किसी भी TMC के नेता ने अपना 15 साल के काम का रिपोर्ट कार्ड एक बार भी नहीं बताया।”

TMC ने बैरकपुर को बंगाल का दुर्भाग्य बनाया: PM मोदी

पीएम मोदी ने कहा कि TMC के पास बंगाल को आगे ले जाने का भविष्य नहीं है। उन्होंने कहा कि TMC ने बैरकुपर को बंगाल का दुर्भाग्य बना दिया है, जहाँ कभी फैक्ट्रियाँ, मीलें और कारखाने होते थे, वहाँ अब बमबारी और गोलियों की आवाज सुनाई देती है।

उन्होंने कहा, “TMC के पास बंगाल के भविष्य का रोडमैप नहीं है। ये लोग भविष्य में बंगाल को कहाँ ले जाएँगे, वो ये भी नहीं बताते। क्योंकि इनके पास न विजन है, न ही कुछ करने की नीयत है। बंगाल में परिवर्तन क्यों जरूरी है, इसका जवाब बैरकपुर से बेहतर भला कौन जानता है।”

पीएम मोदी ने आगे कहा, “जिस बैरकपुर में पहाड़ से लोग काम के लिए आते थे, आज स्थिति ये है वहाँ से लोग पलायन के मजबूर हैं, जहाँ कभी मीलों, फैक्ट्रियाँ और कारखानों से मशीनों की आवाज आती थी, वहाँ अब बमबारी और गोलियों की आवाज रहती है। इस क्षेत्र की पूरी औद्योगिक बेल्ट तबाह होती जा रही है। आज बैरकपुर बंगाल का दुर्भाग्य बन चुका है।”

बंगाल चुनाव 2026 में पीएम मोदी की आखिरी रैली

29 जनवरी 2026 को दूसरे चरण के मतदान से पहले सोमवार को चुनाव प्रचार थम जाएगा। इस हिसाब से बंगाल चुनाव 2026 के लिए पीएम मोदी की बैरकपुर में ये आखिरी रैली होगी। पीएम मोदी ने 5 अप्रैल 2026 को कूचबिहार से बंगाल चुनाव के मद्देनजर पहली रैली की थी। इसके बाद हल्दिया, आसनसोल, बीरभूम में 8-9 अप्रैल 2026 को एक ही दिन तीन रैलियों को संबोधित किया था। इसी के साथ बंगाल चुनाव के लिए पीएम मोदी एक महीने के भीतर ही 10-15 चुनावी रैलियाँ कर चुके हैं।