उत्तर प्रदेश को इलेक्ट्रॉनिक्स और सेमीकंडक्टर निर्माण का सबसे बड़ा केंद्र बनाने के लिए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार (27 जून) को गौतमबुद्धनगर का दौरा किया। अंतरराष्ट्रीय MSMEs दिवस के मौके पर CM योगी ने यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (Yida) क्षेत्र में बड़ी सौगात दी। उन्होंने करीब 6,750 करोड़ रुपए के निवेश वाली दो बड़ी इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण परियोजनाओं की आधारशिला रखी।
इस मेगा प्रोजेक्ट के शुरू होने से उत्तर प्रदेश में तकनीकी और औद्योगिक क्रांति को एक नई गति मिलेगी। इन परियोजनाओं से राज्य में सेमीकंडक्टर उद्योग बेहद मजबूत होगा। सरकार का मुख्य फोकस स्थानीय स्तर पर हाई-टेक मैन्युफैक्चरिंग को बढ़ावा देना है। इसके साथ ही इन दोनों फैक्ट्रियों के चालू होने से उत्तर प्रदेश के हजारों युवाओं के लिए रोजगार के नए और बड़े अवसर पैदा होंगे।
Addressing the Foundation Stone Laying Ceremony of the SAEL Integrated Solar Manufacturing Project in Gautam Buddha Nagar… https://t.co/2ASUYyzFjv
— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) June 27, 2026
जेवर एयरपोर्ट पर भव्य स्वागत और इलेक्ट्रॉनिक्स क्लस्टर का निरीक्षण
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शनिवार को विशेष विमान से नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पहुँचे। एयरपोर्ट पर मौजूद तमाम वरिष्ठ अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने गुलदस्ता भेंट कर CM योगी का भव्य स्वागत किया। इसके तुरंत बाद मुख्यमंत्री हेलीकॉप्टर में सवार होकर ग्रेटर नोएडा के यमुना सिटी स्थित सेक्टर-10 के लिए रवाना हुए।
यमुना सिटी के सेक्टर-10 पहुँचकर CM योगी आदित्यनाथ ने वहाँ तेजी से विकसित किए जा रहे इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर (EMC) का गहन निरीक्षण किया। उन्होंने मौके पर मौजूद अधिकारियों से निर्माण कार्य की प्रगति की पूरी जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने तय समय सीमा के भीतर सभी बुनियादी ढांचों को विश्वस्तरीय मानकों के अनुरूप पूरा करने के निर्देश दिए।
असेंट-के सर्किट और अंबर एंटरप्राइजेज की नई इकाइयों का शिलान्यास
निरीक्षण के बाद मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मुख्य कार्यक्रम में दो विशाल औद्योगिक परियोजनाओं का शिलान्यास किया। इनमें पहली परियोजना असेंट-के सर्किट प्राइवेट लिमिटेड की है, जिसमें करीब 3,220 करोड़ रुपए का निवेश किया जा रहा है। वहीं, दूसरी परियोजना अंबर एंटरप्राइजेज इंडिया लिमिटेड की है, जो करीब 3,532 करोड़ रुपए की भारी लागत से तैयार होगी।
इन दोनों बड़ी कंपनियों के जरिए यमुना सिटी क्षेत्र में कुल 6,750 करोड़ रुपए का सीधे तौर पर औद्योगिक निवेश हो रहा है। शिलान्यास कार्यक्रम के दौरान मंच पर देश-विदेश के कई बड़े उद्योगपति भी मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने दोनों परियोजनाओं की शिलापट्टिकाओं का अनावरण कर औद्योगिक इकाइयों के निर्माण कार्य की आधिकारिक शुरुआत की।
आयात घटेगा और निर्यात बढ़ेगा: सीएम योगी आदित्यनाथ का बड़ा बयान
जनसभा को संबोधित करते हुए सीएम योगी आदित्यनाथ ने देश की आर्थिक रणनीति पर अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश की अर्थव्यवस्था लगातार मजबूत हो रही है। दुनिया का भरोसा भारत पर बढ़ता जा रहा है। दक्षिण कोरिया के प्रतिनिधि स्वयं उत्तर प्रदेश आए हैं। उन्होंने यहाँ के निवेश अनुकूल माहौल को देखकर यह बड़ा फैसला लिया है।
सीएम योगी ने अपने भाषण में आगे के बड़े लक्ष्यों को भी सामने रखा। उन्होंने कहा कि दुनिया से जिन इलेक्ट्रॉनिक कॉम्पोनेंट्स का भारत आज आयात करता है, अब हमारा लक्ष्य उन्हें यहीं देश में बनाकर दुनिया को निर्यात करने का है। उत्तर प्रदेश को इलेक्ट्रॉनिक कॉम्पोनेंट निर्माण का बड़ा हब बनाने की दिशा में सरकार पूरी ताकत से और बहुत तेजी से काम कर रही है।
‘जंगलराज’ से ‘मंगलराज’ की ओर बढ़ा जेवर, यूपी बना मोबाइल का बड़ा हब
मुख्यमंत्री ने कानून व्यवस्था और बदलते परिवेश का जिक्र करते हुए पिछली सरकारों पर भी निशाना साधा। सीएम योगी ने कहा कि जो उत्तर प्रदेश कभी अपनी खराब कानून व्यवस्था और गलत कारणों से जाना जाता था, आज वह देश-दुनिया के निवेशकों की पहली पसंद है। कभी जंगलराज के लिए बदनाम रहा जेवर, आज विकास और ‘मंगलराज’ का सबसे बड़ा प्रतीक बनकर उभरा है।
उत्तर प्रदेश के जेवर के लिए 'जंगलराज' कहा जाता था, जो अब 'मंगलराज' के रूप में बदल गया है… pic.twitter.com/JUxi7Sbh4O
— Yogi Adityanath (@myogiadityanath) June 27, 2026
उन्होंने बताया कि जेवर एयरपोर्ट उत्तर प्रदेश के चौमुखी विकास की नई पहचान बन चुका है। बहुत जल्द ही यहां से कमर्शियल उड़ानें भी शुरू कर दी जाएँगी। सरकार की सिंगल विंडो व्यवस्था ने राज्य में पारदर्शी तरीके से निवेश को रफ्तार दी है। आज उत्तर प्रदेश पूरे देश में मोबाइल निर्माण का सबसे बड़ा हब बन चुका है और ग्रेटर नोएडा इलेक्ट्रॉनिक्स पार्ट्स का गढ़ है।
उत्तर प्रदेश और दक्षिण कोरिया का है सदियों पुराना ऐतिहासिक संबंध
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में भारत और दक्षिण कोरिया के प्राचीन सांस्कृतिक रिश्तों को भी याद किया। उन्होंने कहा कि दक्षिण कोरिया और हमारे उत्तर प्रदेश का संबंध केवल व्यापारिक नहीं बल्कि ऐतिहासिक है। हमारे ग्रंथों और मान्यताओं के अनुसार, सदियों पहले कोरिया की रानी असल में अयोध्या की राजकुमारी थीं, जो जलमार्ग से वहाँ पहुँची थीं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस तरह का बड़ा निवेश प्रदेश को वैश्विक स्तर पर एक नई पहचान दिलाता है। इससे न केवल स्थानीय स्तर पर बंपर रोजगार पैदा होते हैं, बल्कि प्रधानमंत्री मोदी के ‘आत्मनिर्भर भारत’ के संकल्प को भी जमीनी मजबूती मिलती है। यूपी सरकार हर निवेशक को पूरी सुरक्षा और बेहतर सुविधाएँ देने के लिए प्रतिबद्ध है।
कार्यक्रम में केंद्र और राज्य सरकार के कई दिग्गज नेता रहे मौजूद
यमुना सिटी में आयोजित इस ऐतिहासिक शिलान्यास कार्यक्रम में देश और प्रदेश के कई वरिष्ठ नेता शामिल हुए। मंच पर केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव, केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र चौधरी और उत्तर प्रदेश के औद्योगिक विकास मंत्री नंद गोपाल गुप्ता नंदी विशेष रूप से मौजूद रहे। सभी नेताओं ने उत्तर प्रदेश के बदलते औद्योगिक परिदृश्य की जमकर तारीफ की।
इनके अलावा स्थानीय सांसद डॉ महेश शर्मा, राज्यसभा सदस्य सुरेंद्र नागर, भाजपा के क्षेत्रीय अध्यक्ष नवाब सिंह नागर भी उपस्थित थे। क्षेत्र के विधायक धीरेंद्र सिंह और विधायक तेजपाल नागर समेत कई अन्य जनप्रतिनिधियों और शासन के आला अधिकारियों की मौजूदगी में यह भव्य कार्यक्रम संपन्न हुआ।

