दावोस वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम में पाकिस्तान की थू-थू, मुल्क में आम लोगों की हत्या के विरोध में हुआ प्रदर्शन

स्विटजरलैंड के दावोस वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम में पाकिस्तान को दुनिया भर के सामने शर्मिंदगी उठानी पड़ी है। पश्तून ग्रुप्स ने खैबर पख्तूनख्वा में बेगुनाह लोगों की हत्या के लिए पाकिस्तान सरकार और पाकिस्तानी आर्मी के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया और जमकर नारेबाजी की। दावोस की सड़कों पर पाकिस्तान की छवि धूमिल हुई। वहीं दुनिया को उसके आतंकवाद फैलाने और दमनचक्र चलाने वाली नीति से रूबरू कराया।

पाकिस्तान यहाँ दुनियाभर के निवेशकों को आकर्षित करने की कोशिश कर रहा है, लेकिन शहबाज सरकार को शर्मिंदगी उठानी पड़ रही है। खैबर पखतूनख्वा में बड़ी संख्या में बेगुनाहों का कत्ल किया गया है। मानवाधिकारों का उल्लंघन हुआ लेकिन किसी ने सुध नहीं ली। वैश्विक मंच पर पश्तूनों की आवाज ने पाकिस्तानी नीतियों को बेनकाब कर दिया है।

पाकिस्तान दुनिया भर में आतंकवाद को फैलाने और आतंकवादियों को पनाह देने के लिए जाना जाता है। मानवाधिकार उल्लंघन के साथ साथ बलूचिस्तान, खैबर पख्तूनख्वा जैसे क्षेत्रों में जनता की आवाज को दबाने की लगातार वहाँ कोशिश हो रही है।

19-23 जनवरी तक दावोस में दुनियाभर के नेता आर्थिक नीतियों और वैश्विक चुनौतियों पर मंथन कर रहे हैं। इसमें भारत का प्रतिनिधिमंडल भी शामिल है। राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल के साथ केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव, शिवराज सिंह चौहान, प्रल्हाद जोशी और के राम मोहन नायडू मौजूद हैं। इसके अलावा 8 राज्यों के मुख्यमंत्री भी यहाँ आए हुए हैं।