राजस्थान के श्रीगंगानगर जिले में शिक्षा विभाग ने 25 दिसंबर 2025 को क्रिसमस-डे के अवसर पर बच्चों को जबरन सांता क्लॉज बनाने के मामले में सख्त निर्देश जारी किए हैं। अतिरिक्त जिला शिक्षा अधिकारी (ADEO) ने स्पष्ट किया है कि किसी भी स्कूल द्वारा बच्चों या अभिभावकों पर इस तरह का दबाव डालना गलत है।
यह आदेश सरकारी और निजी दोनों विद्यालयों पर लागू होगा। आदेश के अनुसार यदि कोई विद्यालय बच्चों को मजबूर करता है, तो नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी और स्कूल प्रबंधन को जिम्मेदार ठहराया जाएगा। वहीं, अगर गतिविधियों में बच्चों और अभिभावकों की सहमति हो, तो शिक्षा विभाग को आपत्ति नहीं होगी।
बच्चों पर न हो कोई दबाव
श्रीगंगानगर जिला मुख्य रूप से हिंदू और सिख बहुल्य क्षेत्र है, जहाँ ईसाई परिवार न के बराबर हैं। पिछले कुछ सालों में कुछ स्कूलों ने क्रिसमस-डे पर बच्चों को सांता क्लॉज बनाने के लिए मजबूर किया था, जिससे अभिभावकों में नाराजगी बढ़ी।
BIG BREAKING: No more of forced Santa dress on Hindu kids!
— Treeni (@treeni) December 23, 2025
Sri Ganganagar District of Rajasthan takes the initiative.
District Education Officer has directed private schools against forcing students to dress as Santa Claus on Christmas.
Directive follows Bharat Tibet Sahyog… pic.twitter.com/N8cC6PzD3V
भारत-तिब्बत सहयोग मंच की शिकायत के बाद शिक्षा विभाग ने यह आदेश जारी किया। ADEO ने कहा कि अगर कार्यक्रम में बच्चों और अभिभावकों की सहमति हो, तो कोई आपत्ति नहीं है, लेकिन अनिवार्यता और दबाव की स्थिति में विभाग कार्रवाई करेगा।
उन्होंने यह भी बताया कि 25 दिसंबर 2025 को वीर बाल दिवस भी मनाया जाता है, इसलिए स्कूलों को संतुलित और संवेदनशील कार्यक्रम आयोजित करने की सलाह दी गई है। भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष सुरेंद्र पाल सिंह टीटी ने भी कहा कि स्वेच्छा से किसी धर्म से जुड़ना व्यक्तिगत अधिकार है, लेकिन जबरन किसी पर दबाव डालना गलत है।

