बिहार के पूर्णिया जिले में तहखाने के भीतर मिनी गन फैक्ट्री चल रही थी। पुलिस ने छापेमारी की तो खुलासा हुआ। पुलिस ने बताया कि पत्तल बनाने की मशीन के बगल में तहखाने में यह फैक्ट्री चल रही थी। पुलिस ने 5 आरोपितों को गिरफ्तार किया है।
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, इस फैक्ट्री का खुलासे के तार कोलकाता से जुड़े हैं, जब कोलकाता में हथियार के साथ गन फैक्ट्री के मास्टरमाइंड सूरज कुमार को पुलिस ने गिरफ्तार किया। सूरज ने पूछताछ में बताया कि उसने यह हथियार पूर्णिया के धमदाहा से खरीदे हैं। तब कोलकाता पुलिस पूर्णिया पहुँची और यहाँ धमदाहा पुलिस के साथ मिलकर अवैध फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया।
कल दिनांक 18.05.2026 को धमदाहा थाना के द्वारा मिनी गन फैक्ट्री का सफल उद्भेदन करते हुए 05 अभियुक्तों को किया गया गिरफ्तार। @bihar_police @Dial_112_Bihar @dmpurnea @Bihar_PER @EOU_BIHAR @IPRDBihar #purnia #bihar pic.twitter.com/jTIt30FVKU
— Purnea Police (@PurneaSp) May 19, 2026
पुलिस ने बताया कि यह फैक्ट्री करीब 2 महीने से चल रही थी। जमीन पर तो पत्तल बनाने के मशीन रखी थी ताकि लोगों को लगे कि यहाँ पत्तल बनते हैं, लेकिन पास में ही तहखाने का रास्ता जा रहा था। पुलिस तहखाने के भीतर गई तो यहाँ बाँस की सीढ़ी लगी थी और नीचे तहखाने में हथियार बनाने का पूरा सेटअप था।
इसके बाद पुलिस ने मौके पर जेसीबी मशीन बुलवाई और गन बनाने वाली सभी मशीन कों उखाड़कर जब्त कर लिया। कारखाने से 10 अर्द्धनिर्मित पिस्टल, 14 लोहे की प्लेट, लेथ मशीन, कटर मशीन समेत अन्य सामान जब्त किए गए हैं। मौके से मुंगेर के मोहम्मद आफताब, मोहम्मद अनवर, धमदाहा का मिट्ठू कुमार और गब्बर मंडल को गिरफ्तार किया गया है।

