महाराष्ट्र के नासिक में कथित ज्योतिषी अशोक खरात के खिलाफ शिकायतों का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। पुलिस ने ज्योतिषी के खिलाफ दो और मामले दर्ज किए हैं, जिसके बाद अब उसके खिलाफ कुल मामलों की संख्या बढ़कर 10 हो गई है। इनमें से 8 मामले दुष्कर्म से जुड़े हैं, जबकि 2 मामले धोखाधड़ी और जबरन वसूली के हैं।
आरोपित को 17 मार्च 2026 को पहली बार दुष्कर्म के एक मामले में गिरफ्तार किया गया था और फिलहाल वह पुलिस हिरासत में है। उसे रविवार (29 मार्च 2026) को कोर्ट में पेश किए जाने की तैयारी है। जाँच के आगे बढ़ने के साथ ही और भी पीड़ित सामने आ रहे हैं।
महिला ने लगाया कई बार दुष्कर्म का आरोप
ताजा मामलों में एक महिला ने पुलिस को बताया कि उसके साथ अगस्त से दिसंबर 2024 के बीच कई बार यौन शोषण किया गया। महिला के अनुसार, उसकी शादी 2013 में हुई थी, लेकिन कुछ विवादों के चलते वह एक साल बाद पति से अलग रहने लगी।
साल 2022 में रिश्तेदार की सलाह पर वह अपने पति के साथ मिरगांव स्थित ईशानेश्वर महादेव मंदिर में अशोक खरात से मिली। खरात की सलाह पर दोनों फिर से साथ रहने लगे। महिला ने बताया कि मार्च 2024 में वे दोबारा उससे मिले, जहाँ उसने उनकी समस्याओं को जन्मतिथि से जुड़ा बताया और खेती से जुड़े सुझाव भी दिए।
इसी दौरान उसने महिला के पति को बाहर रुकने को कहा और महिला से तांबे के बर्तन में पानी के साथ कुछ अनुष्ठान करवाने लगा, जिससे उसे चक्कर आने लगे। आरोप है कि इसी दौरान उसने महिला के साथ अश्लील हरकत की, खुद को दैवीय शक्तियों वाला बताया और बेहतर भविष्य का लालच दिया।
बाद में उसके साथ दुष्कर्म किया और धमकी दी कि अगर उसने किसी को बताया तो वह अपनी शक्तियों से उसकी जिंदगी बर्बाद कर देगा। डर और विश्वास के कारण महिला चुप रही, लेकिन आरोपित की गिरफ्तारी की खबर के बाद उसने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
व्यापारी से लाखों की ठगी का भी मामला
दूसरे मामले में अहमदनगर के नेवासा फाटा के एक 39 वर्षीय कपड़ा व्यापारी ने 2.6 लाख रुपए की ठगी का आरोप लगाया है। व्यापारी के मुताबिक, वह दिसंबर 2022 में अपनी पत्नी के साथ खराब चल रहे कारोबार के समाधान के लिए अशोक खरात के पास गया था। आरोपित ने सफलता दिलाने के नाम पर पुष्कराज और हीरे जैसे खास पत्थर देने का दावा किया।
पीड़ित दंपति ने उसे तीन सोने की अंगूठियाँ और 1 लाख रुपए दिए और बाद में 1.62 लाख रुपए और चुकाए। लेकिन कारोबार में कोई सुधार नहीं हुआ। आरोपित की गिरफ्तारी के बाद जब उन्होंने उन पत्थरों की जाँच कराई तो उनकी कीमत महज 5 हजार रुपए निकली और वे सोने की बजाय पीले धातु की अंगूठियों में जड़े पाए गए।

