राज और उद्धव ठाकरे पर किया पोस्ट तो MNS-शिवसेवा (UBT) के गुंडों ने युवक को नंगा कर पीटा: कपड़े फाड़ सड़क पर घसीटा, नालासोपारा का मामला

महाराष्ट्र के पालघर जिले के नालासोपारा से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जिसमें महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (एमएनएस) और शिवसेना (यूबीटी) के कार्यकर्ताओं ने एक मराठी युवक को जमकर पीटा। उसके कपड़े फाड़ दिए और सार्वजनिक रूप से अपमानित किया।

यह मामला तब सामने आया जब ऑनलाइन एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें युवक को पीटते हुए, आंशिक रूप से कपड़े उतारकर और आधा नंगा सड़क पर घसीटते दिखाया गया है।

युवक की पहचान सूरज महेंद्र शिर्के के रूप में हुई है। पिछले कुछ दिनों में उसने फेसबुक और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर अश्लील और गाली वाली टिप्पणियाँ पोस्ट की थीं। ये पोस्ट्स वरिष्ठ राजनीतिक नेताओं को निशाना बना रही थीं, जिनमें राज ठाकरे, उद्धव ठाकरे और आदित्य ठाकरे शामिल हैं।

पार्टी समर्थकों का दावा है कि ये टिप्पणियाँ ‘शालीनता की सीमा पार कर गईं’ और ‘बेहद अपमानजनक’ थीं, क्योंकि उन्होंने नेताओं की विश्वसनीयता पर सवाल उठाए और अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल किया।

मामला तब और बिगड़ गया जब एमएनएस के सब-डिविजनल प्रेसिडेंट किरण नाकशे और अन्य पार्टी कार्यकर्ताओं को नालासोपारा इलाके में शिर्के की लोकेशन की जानकारी मिली। इस जानकारी के बाद कार्यकर्ताओं के एक ग्रुप ने उसे ढूँढ निकाला और हमला कर दिया। हिंसा सिर्फ पिटाई तक नहीं रुकी, युवक के कपड़े उतार दिए गए और उसे करीब डेढ़ किलोमीटर तक आधा नंगा सड़क पर घसीटा गया।

इस सार्वजनिक अपमान की घटना को रिकॉर्ड किया गया और बाद में सोशल मीडिया पर खूब फैलाया गया, जिससे तीखी आलोचना और चिंता बढ़ गई।

घटना के बाद किरण नाकशे ने सोशल मीडिया पर पोस्ट डालकर कार्यकर्ताओं के कृत्य का बचाव किया। अपने बयान में उन्होंने कहा कि पार्टी समर्थकों द्वारा देवता जैसे सम्मानित राजनीतिक नेताओं के खिलाफ अश्लील भाषा इस्तेमाल करने वाला कोई भी व्यक्ति, उसकी पृष्ठभूमि चाहे जो हो, परिणाम भुगतेगा।

उनके इस बयान से विरोध और बढ़ गया, कई लोग सवाल उठा रहे हैं कि सोशल मीडिया पोस्ट्स के जवाब में हिंसा को कैसे जायज ठहराया जा सकता है।

इस घटना से नालासोपारा के कुछ हिस्सों में थोड़ी देर के लिए तनाव पैदा हो गया, जिसके बाद आगे की परेशानी रोकने के लिए इलाके में पुलिस की तैनाती बढ़ा दी गई।