प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार (28 जून 2026) को मन की बात के 135वें एपिसोड में देशवासियों को संबोधित करते हुए उनकी अनेक उपलब्धियों पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि वर्ष 2026 के पहले छह महीनों में भारत ने सुरक्षा, आत्मनिर्भरता, खेल, विज्ञान और संस्कृति के क्षेत्र में कई बड़ी उपलब्धियाँ हासिल की हैं।
पीएम नोदी ने हाल ही में भारतीय नौसेना में शामिल हुए स्वेदशी जहाज INS दुनागिरी, INS संशोधक औऱ INS अग्रे की बात की। उन्होंने कहा कि भारत में बने सी-295 विमान ने अपनी पहली उड़ान पूरी कर ली है और ऐसे 40 विमान देश में ही बनाए जा रहे हैं। इसके अलावा DRDO ने स्वदेशी लॉन्ग रेंज लैंड-अटैक क्रूज मिसाइल का भी सफल परीक्षण किया है।
Sharing this month’s #MannKiBaat. Do hear as we discuss various subjects. https://t.co/iPlqPndKlS
— Narendra Modi (@narendramodi) June 28, 2026
योग, खेल और जनभागीदारी की सराहना
प्रधानमंत्री ने कहा कि इस बार अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर दुनिया के 2,500 से ज्यादा स्थानों पर योग कार्यक्रम हुए। अहमदाबाद में हुई विश्व योगासन चैंपियनशिप में भारत ने 114 पदक, जिनमें 102 स्वर्ण पदक शामिल हैं, जीतकर पहला स्थान हासिल किया।
उन्होंने कहा कि किसी भी देश की सबसे बड़ी ताकत उसकी जनता होती है। पश्चिम एशिया में तनावपूर्ण हालात के बीच उन्होंने लोगों से कुछ समय तक सोना नहीं खरीदने, विदेश यात्रा टालने, कारपूलिंग अपनाने और किसानों से प्राकृतिक खेती व जैविक उर्वरकों के इस्तेमाल की अपील की थी। पीएम ने कहा कि देशवासियों ने उनकी अपील का पूरा समर्थन किया। कई परिवारों ने शादियों में नया सोना नहीं खरीदा, विदेश यात्राएँ टाल दीं और लोग बस, मेट्रो व कारपूलिंग का ज्यादा इस्तेमाल कर रहे हैं।
बीमा योजनाओं और सामाजिक पहल का किया जिक्र
पीएम मोदी ने महाराष्ट्र के नांदेड़ के पेठकर परिवार की तारीफ की, जिसने शादी के मौके पर 3,500 ग्रामीणों का दुर्घटना बीमा कराया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री सुरक्षा बीमा योजना के तहत सिर्फ 20 रुपए सालाना प्रीमियम में 2 लाख रुपए का दुर्घटना बीमा मिलता है और इससे अब तक 58 करोड़ रुपए से ज्यादा लोग जुड़ चुके हैं। वहीं प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना से 27 करोड़ रुपए से अधिक लोग जुड़े हैं।
अंधविश्वास छोड़ने और विज्ञान अपनाने की अपील
प्रधानमंत्री ने कहा कि अंधविश्वास समाज के लिए नुकसानदायक होता है। उन्होंने असम की जीवविज्ञानी पूर्णिमा देवी बर्मन और उनकी ‘हरगिला सेना’ का उदाहरण देते हुए बताया कि कैसे लोगों ने अंधविश्वास छोड़कर दुर्लभ हरगिला पक्षी के संरक्षण का अभियान शुरू किया। उन्होंने कहा, “जिस पक्षी को कभी अपशगुन मानकर भगा दिया जाता था, वह गाँवों की पहचान बनने लगा।”
खेल, शिक्षा और संस्कृति पर जोर
पीएम मोदी ने नागालैंड की ‘बेबी लीग’ और ‘महिला फुटसल लीग’ की सराहना की। उन्होंने बताया कि नालंदा विश्वविद्यालय ने प्राचीन शास्त्रार्थ परंपरा को फिर से शुरू किया है। वहीं केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय अब AI और डेटा साइंस में बीटेक शुरू कर रहा है, जिससे भारतीय भाषाओं और प्राचीन ग्रंथों के डिजिटलीकरण को बढ़ावा मिलेगा।
उन्होंने डोमिनिकन गणराज्य की ‘ब्रह्मकमल डोमिनिकाना’ टीम का भी जिक्र किया, जो संस्कृत मंत्रों का अध्ययन और उच्चारण कर रही है।
पर्यावरण संरक्षण और लोकल को बढ़ावा देने की अपील
प्रधानमंत्री ने मेघालय के जीवित रूट ब्रिज, मध्य प्रदेश के राजगढ़ की महिलाओं द्वारा प्लास्टिक से इको-ब्रिक्स बनाने की पहल और गणेश उत्सव में मिट्टी से बनी स्थानीय गणेश प्रतिमाएँ खरीदने की अपील की। उन्होंने लोगों से प्लास्टर ऑफ पेरिस की मूर्तियाँ नहीं खरीदने का अनुरोध किया।
कार्यक्रम के अंत में प्रधानमंत्री ने जल संरक्षण पर जोर देते हुए कहा कि बारिश की हर बूंद बचाना सभी की जिम्मेदारी है। उन्होंने देशवासियों से अपने-अपने क्षेत्रों में हो रहे अच्छे कार्यों की जानकारी साझा करते रहने की भी अपील की।

