अमेरिका और इजरायल ने शनिवार (28 फरवरी 2026) को ईरान पर बड़ा सैन्य हमला किया। राजधानी तेहरान में एक के बाद एक कई जोरदार धमाकों की आवाजें सुनी गईं जिससे पूरे शहर में दहशत का माहौल बन गया। US और इजरायल ने ईरान में एक साथ 30 से अधिक ठिकानों को निशाना बनाया है।
रिपोर्ट्स के अनुसार, इन हमलों में ईरानी राष्ट्रपति के आधिकारिक आवास और एक खुफिया मुख्यालय को भी निशाने पर लिया गया है। हमले इतने व्यापक थे कि कुछ ही घंटों में कई प्रमुख जगहों पर धमाकों की खबरें सामने आईं। वहीं, रॉयटर्स को एक सूत्र ने बताया कि ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनई तेहरान में नहीं हैं और उन्हें सुरक्षित स्थान पर पहुँचा दिया गया है।
ईरानी अखबार Shargh की रिपोर्ट के मुताबिक, तेहरान के उस इलाके से धुआँ उठता दिखाई दिया है जहाँ ईरान के सर्वोच्च नेता आयतुल्ला अली खामेनेई रहते हैं। तेहरान के कई स्थानीय निवासियों ने भी बताया कि उसी क्षेत्र से धुआँ उठता देखा गया जहाँ राष्ट्रपति भवन और नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल का मुख्यालय भी स्थित है।
ये हमले शनिवार सुबह हुए उस समय हुए जब लाखों लोग अपने काम पर थे और बच्चे स्कूल में मौजूद थे। तेहरान के लोगों ने शहर में अफरातफरी और दहशत जैसे हालात होने की बात कही है। एक अमेरिकी अधिकारी के मुताबिक, अमेरिका की ओर से दर्जनों हवाई हमले किए जा रहे हैं। इन हमलों को मध्य पूर्व के विभिन्न सैन्य ठिकानों और एक या उससे अधिक विमानवाहक पोतों से उड़ान भरने वाले लड़ाकू विमानों द्वारा अंजाम दिया जा रहा है।
अमेरिकी अधिकारियों का कहना है कि यह कार्रवाई पिछले साल जून में ईरान के परमाणु ठिकानों पर किए गए अमेरिकी हमलों से कहीं अधिक व्यापक हो सकती है।

