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बंगाल में शिक्षा मंत्री ब्रात्य बसु पर हमला, कई प्रोफेसर घायल: जादवपुर यूनिवर्सिटी में SFI गुंडों ने किया बवाल, वाहन तक तोड़े

मंत्री ब्रात्य बसु को लगभग दो घंटे तक बंधक बनाकर रखा गया। इसके बाद हाथापाई शुरू हो गई, जिसमें एक छात्र को बुरी तरह पीटा गया।

कोलकाता के जादवपुर यूनिवर्सिटी में शनिवार (01 मार्च 2025) को एसएफआई और वामपंथी छात्र संगठनों से जुड़े गुंडों ने बड़ा बवाल खड़ा कर दिया। इस हंगामे में पश्चिम बंगाल के शिक्षा मंत्री ब्रात्य बसु और कई प्रोफेसर घायल हो गए। दरअसल, लंबे समय से विश्वविद्यालय में छात्रसंघ चुनाव कराने की माँग की जा रही थी। इसी को लेकर शनिवार (01 मार्च 2025) को प्रदर्शन शुरू हुआ, जो देखते ही देखते हिंसक हो गया।

प्रदर्शनकारियों ने शिक्षा मंत्री की कार पर हमला किया, टायरों की हवा निकाल दी और शीशे तोड़ डाले। मंत्री का कहना है कि उन पर ईंट फेंकी गई, जिससे उनके हाथ और चेहरे पर चोट आई। इसके बाद उन्हें इलाज के लिए एसएसकेएम अस्पताल ले जाया गया।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, शिक्षा मंत्री शनिवार (01 मार्च 2025) को विश्वविद्यालय में तृणमूल समर्थक प्रोफेसरों के संगठन वेबकूपर की बैठक में शामिल होने आए थे। बैठक खत्म होने के बाद जब वह बाहर निकले, तो वामपंथी गुंडों ने उनका रास्ता रोक लिया। ‘चोर-चोर’ और ‘वापस जाओ’ जैसे नारे लगाए गए। हालात इतने बिगड़ गए कि मंत्री की कार के साथ-साथ उनकी सुरक्षा में चल रही दो पायलट कारों में भी तोड़फोड़ हुई। इस दौरान कुछ प्रोफेसर भी निशाने पर आ गए।

वेबकूपर के सदस्य और प्रोफेसर ओमप्रकाश मिश्रा को हमलावरों ने लाठियों से दौड़ाया। एक छात्र के सिर पर गहरी चोट लगी, वहीं दो प्रोफेसर भी घायल हुए। एक महिला प्रोफेसर की साड़ी फाड़ने का भी आरोप लगा है।

ब्रात्य बसु ने घटना पर कहा, “हम चाहते तो पुलिस बुला सकते थे, लेकिन मैंने परिसर में एक भी पुलिसवाले को आने नहीं दिया। अगर ये उत्तर प्रदेश में होता, तो क्या कोई छात्र ऐसा करता?” उन्होंने ये भी कहा कि हमला करने वाले बस तृणमूल के लोगों को निशाना बनाते हैं।

इस बीच, जादवपुर विश्वविद्यालय में तृणमूल से जुड़े कर्मचारी संगठन के दफ्तर में तोड़फोड़ और आगजनी की खबरें भी आईं। आरोप है कि मंत्री की कार ने एक छात्र को टक्कर मारी, जिससे उसका सिर फट गया।

वामपंथी छात्र संगठनों जैसे एसएफआई, आइसा और डीएसएफ ने इस घटना के लिए शिक्षा मंत्री को जिम्मेदार ठहराया। उनका कहना है कि मंत्री ने प्रदर्शन कर रहे छात्रों को कुचलने की कोशिश की। इसके विरोध में इन संगठनों ने सोमवार (01 मार्च 2025) को छात्र हड़ताल का ऐलान किया है।

दूसरी ओर बीजेपी नेता अमित मालवीय ने ममता बनर्जी की सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि आरजी कर रेप और मर्डर केस के बाद छात्रों में गुस्सा भरा हुआ है और शिक्षा मंत्री पर हमला इसी का नतीजा है।

हंगामा शुरू होने से पहले ही विश्वविद्यालय में तनाव था। वामपंथी छात्र संगठन गेट नंबर 2 पर नारेबाजी कर रहे थे। जवाब में तृणमूल छात्र परिषद ने मानव श्रृंखला बनाई। ब्रात्य को गेट नंबर 3 से अंदर ले जाया गया। हंगामे के बाद जादवपुर 8बी चौराहे पर सड़क जाम भी हुआ। तृणमूल नेता कुणाल घोष ने कहा, “हमारी सहनशीलता को कमजोरी न समझें। हमलावरों को लोकतांत्रिक जवाब दिया जाएगा।” इस घटना ने पूरे राज्य में सियासी हलचल मचा दी है।

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ऑपइंडिया स्टाफ़
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कार्यालय संवाददाता, ऑपइंडिया

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