बिहार विधानसभा चुनाव 2025 में आरजेडी ने 9 दबंगों को प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से मैदान में उतारा है। यानी कोई खुद उम्मीदवार है, तो कहीं उसके करीबी चुनाव मैदान में ताल ठोक रहे हैं। इनकी सीटों पर पार्टियों के साथ-साथ इन बाहुबलियों की दबंगई भी सुर्खियाँ बन रही हैं। दरअसल इनमें से कई दबंग सजायाफ्ता हैं, इसलिए चुनाव नहीं लड़ पा रहे। इसलिए उनके परिजनों को आरजेडी ने टिकट दे दिया है।
शहाबुद्दीन का बेटा ओसामा बना उम्मीदवार
RJD ने दिवंगत बाहुबली नेता शहाबुद्दीन के बेटे ओसामा शहाबुद्दीन को सिवान के रघुनाथपुर से मैदान में उतारा है। शहाबुद्दीन परिवार की सियासी विरासत रहे सीवान से ओसामा पहली बार चुनाव लड़ रहा है। बिहार का खौफ कहा जाने वाला शहाबुद्दीन सीवान का सांसद भी रहा। उसे लालू यादव का करीबी माना जाता था। उस पर 34 से ज्यादा संगीन अपराध दर्ज थे। बिहार में लालू राज को ‘जंगल राज’ बनाने में इसका अहम रोल था।
मुन्ना शुक्ला की बेटी को लालगंज से टिकट
लालगंज में बाहुबली मुन्ना शुक्ला की बेटी शिवानी शुक्ला को इस बार आरजेडी ने उतारा है। मु्न्ना शुक्ला लालगंज के विधायक रहे हैं। फिलहाल उम्र कैद की सजा काट रहे हैं।1998 में हुए पूर्व मंत्री ब्रज बिहारी प्रसाद की हत्या के आरोप में सुप्रीम कोर्ट ने दोषी ठहराया था। लालगंज सीट पर फिलहाल BJP का कब्जा है।
दानापुर से बाहुबली रीतलाल यादव को टिकट
आरजेडी ने दानापुर से बाहुबली रीतलाल यादव को एक बार फिर मैदान में उतारा है। रीतलाल यहाँ के विधायक हैं और फिलहाल जेल में बंद हैं। इन्हें लालू यादव का करीबी माना जाता है। उन पर डकैती और आर्म्स एक्ट के तहत केस दर्ज है साथ ही मनी लॉन्ड्रिंग का मामला भी चल रहा है।
संदेश से बालू माफिया के बेटे को टिकट
भोजपुर के संदेश सीट से आरजेडी ने पूर्व विधायक अरुण यादव के बेटे दीपू राणावत को चुनाव मैदान में उतारा है। अरुण यादव बालू माफिया के तौर पर जाने जाते हैं। इस सीट पर पिछले 10 साल से आरजेडी का कब्जा रहा है। मनी लॉन्ड्रिंग केस में अरुण यादव के साथ-साथ दीपू राणावत समेत पूरा परिवार पर ईडी ने 2024 में केस दर्ज किया था। यहाँ तक कि 21.38 करोड़ की चल-अचल संपत्ति भी ईडी ने जब्त की थी।
मोकामा से सूरजभान की पत्नी को टिकट
मोकामा के बाहुबली सूरजभान सिंह की पत्नी नीलम देवी को आरजेडी ने अनंत सिंह के खिलाफ मैदान में उतारा है। सूरजभान सिंह मोकामा के रामी सिंह हत्याकांड के दोषी हैं। इसलिए उनपर चुनाव लड़ने पर प्रतिबंध लगा हुआ है। हालाँकि पूर्व मंत्री ब्रज बिहारी प्रसाद हत्याकांड में साक्ष्य के अभाव में वह बरी हो गए थे।
नवादा से अशोक महतो की पत्नी को टिकट
आरजेडी ने नवादा के वारिसलीगंज से बाहुबली अशोक महतो की पत्नी अनीता देवी को टिकट दिया। 2024 में उन्होंने अनीता देवी से शादी की थी। अशोक महतो 2001 में हुए नवादा जेल ब्रेक कांड में 17 साल जेल की सजा काट चुके हैं। इसलिए वह चुनाव नहीं लड़ सकते। नियमों के अनुसार, दो साल से अधिक की सजा पाया व्यक्ति जेल से निकलने के 6 साल तक चुनाव नहीं लड़ सकता।

